sundarkand
✕

कब, कहां और कैसे जन्मे धरती पुत्र मंगल, पढ़ें पौराणिक कथा

Updated: गुरुवार, 29 फ़रवरी 2024 (15:28 IST)
मंगल ग्रह के जन्म की एक कथा कुछ इस प्रकार है। अंधकासुर नामक दैत्य को तप के बाद भगवान शिव ने वरदान दिया था कि उसके रक्त से सैकड़ों दैत्य जन्म लेंगे।  वरदान पाकर इस दैत्य ने अवंतिका में तबाही मचा दी। तब दीन-दुखियों ने शिव से प्रार्थना की। भक्तों के संकट दूर करने के लिए स्वयं शंभु ने अंधकासुर से युद्ध किया। 

ALSO READ: जब सीता के भाई बन 'मंगल' ने किया रस्मों को पूरा...पढ़ें पौराणिक कथा
 
दोनों के बीच भीषण युद्ध हुआ। शिव का पसीना बहने लगा। रुद्र के पसीने की बूंद की गर्मी से उज्जैन(प्राचीन नगरी अवंतिका) की धरती फट कर दो भागों में विभक्त हो गई और मंगल ग्रह का जन्म हुआ। शिवजी ने दैत्य का संहार किया और उसकी रक्त की बूंदों को नवोत्पन्न मंगल ग्रह ने अपने अंदर समा लिया। धरती से जन्म के कारण उन्हें धरती पुत्र माना गया। कहते हैं, इसलिए मंगल की धरती लाल रंग की है। (स्कंद पुराण के अवंतिका खंड से)। आज भी उज्जैन में मंगल ग्रह का प्राचीन सुंदर मंदिर है। यह स्थान मंगल की जन्म भूमि माना गया। 
 
ALSO READ: मांगलिक-दोष दूर करते हैं मंगल के यह 21 नाम...

ALSO READ: ऐसे हुआ सुंदर चमकीले चंद्रदेव का जन्म, पढ़ें पौराणिक कथा

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

19 October Birthday: आपको 19 अक्‍टूबर, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (19 अक्‍टूबर, 2026)

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 19 अक्‍टूबर 2026: सोमवार का पंचांग और शुभ समय

18 October Birthday: आपको 18 अक्‍टूबर, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (18 अक्‍टूबर, 2026)

अगला लेख