सोमदेव और सानिया यूएस ओपन के दूसरे दौर में

न्यूयॉर्क (भाषा)| भाषा|
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देववर्मन और सानिया मिर्जा ने अमेरिकी ओपन में भारतीयों को दोहरी खुशी देते हुए फ्लाशिंग मीडोज हार्डकोर्ट पर शुरू हुई साल की अंतिम ग्रैंड स्लैम प्रतियोगिता में अपने-अपने वर्ग में दूसरे दौर में जगह बनाई।


सानिया ने महिला एकल में जहाँ बेलारूस की ओल्गा गोवोत्र्सोवा को 6-2, 3-6, 6-3 से हराया, वहीं क्वालीफायर सोमदेव ने पुरुष एकल में पुर्तगाल के फ्रेडरिको जिल को 6-3, 6-4, 6-3 से मात दी।

दुनिया में 162वीं रैंकिंग के सोमदेव अगले दौर में 23वीं वरीय जर्मन खिलाड़ी फिलिप कोलश्राइबर से भिड़ेंगे, जिन्होंने इटली के आंद्रियास सेपी को 6-0, 6-4, 6-4 से हराकर दूसरे दौर में प्रवेश किया।

डब्ल्यूटीए रैंकिंग में 74वें नंबर पर काबिज सानिया को भी अगले दौर में दसवीं वरीय इतालवी खिलाड़ी फ्लेविया पेनेटा से भिड़ना होगा।


सानिया ने मैच के बाद कहा कि मैं वास्तव में बहुत खुश हूँ कि हम दोनों एक ग्रैंड स्लैम के दूसरे दौर में पहुँचे हैं। सोमदेव ने इस बीच कहा कि स्कोर लाइन से भले ही लग रहा हो कि उन्होंने सीधे सेटों में जीत दर्ज की लेकिन उन्हें इसके लिए कोर्ट पर काफी पसीना बहाना पड़ा। उन्होंने कहा कि मैंने अच्छा खेल दिखाया और इस तरह के कड़े मुकाबले में आप किस तरह का खेल दिखाते हो यही मायने रखता है।
सोमदेव ने दो घंटे तक चले मैच में सर्विस गेम पर अच्छा खेल दिखाया और अपने प्रतिद्वंद्वी की सात बार सर्विस भी तोड़ी। उन्होंने कहा कि मैं अपने साथ कोई मिथक नहीं जोड़ना चाहता हूँ लेकिन मैं जहाँ हूँ उससे खुश हूँ। मैंने दो अच्छी जीत दर्ज की और इससे मेरा मनोबल बढ़ा है और मुझे लगने लगा है कि मैं किसी से भी मुकाबला कर सकता हूँ।

दूसरी तरफ सानिया को कड़ा संघर्ष करना पड़ा लेकिन अपनी प्रतिद्वंद्वी की कमजोर सर्विस और बेजा गलतियों का उन्हें फायदा मिला। इस भारतीय टेनिस स्टार ने लगभग दो घंटे तक चले मैच में गोवोत्र्सोवा की सात बार सर्विस तोड़ी।
सानिया ने कहा कि पहली जीत दर्ज करना बहुत मुश्किल होती है। इन परिस्थितियों में मैं बहुत खुश हूँ कि मैंने अच्छी शुरुआत की। कलाई की अपनी चोट के बारे में उन्होंने कहा कि एक समय उनके करियर के लिए खतरा बनी चोट अब ठीक हो रही है।

सानिया ने कहा कि मैं जिस तरह से खेल रही हूँ, उससे खुश हूँ। मैं फिर से उस स्थिति में हूँ, जहाँ मैं आगे बढ़ने और नए साल में पूरे आत्मविश्वास के साथ उतरने के लिए तैयार हूँ। मैं कलाई की अपनी चोट से आखिरकार उबर गई हूँ।



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