सचिन के साथ द्रविड़ भी रिकॉर्ड पर

नई दिल्ली (भाषा)| भाषा|
के टेस्ट रनों के शिखर पर काबिज होने का सभी इंतजार कर रहे हैं, लेकिन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ नौ अक्टूबर से शुरू होने वाली चार टेस्ट मैचों की श्रृंखला में राहुल द्रविड़ भी एक महत्वपूर्ण विश्व रिकॉर्ड अपने नाम पर कर सकते हैं।

तेंडुलकर ने अभी तक 150 मैचों में 11 हजार 877 रन बनाए हैं और उन्हें वेस्टइंडीज के ब्रायन लारा (11953 रन) के विश्व रिकॉर्ड को पार करने के लिए केवल 77 रन की दरकार है। यह तो तय है कि तेंडुलकर इस श्रृंखला में यह रिकॉर्ड अपने नाम कर लेंगे, लेकिन कब यह कौतुहल का विषय बना हुआ है।

तेंडुलकर इसके अलावा कई अन्य व्यक्तिगत रिकॉर्ड भी बनाएँगे, लेकिन द्रविड़ इसी श्रृंखला में छह कैच लेकर टेस्ट मैचों में सर्वाधिक कैच लेने का रिकॉर्ड अपने नाम कर सकते हैं। इसके अलावा कई अन्य खिलाड़ी भी व्यक्तिगत रिकॉर्ड बनाने के करीब हैं।
राहुद्रविड़ ने अब तक 176 कैच लिए हैं और उन्हें ऑस्ट्रेलिया के मार्क वॉ के 181 कैच के विश्व रिकॉर्ड की बराबरी के लिए केवल पाँच कैच की दरकार है। यदि कैच की बात करें तो तेंडुलकर भी दो कैच लेकर कैचों का सैकड़ा पूरा करने वाले पाँचवें भारतीय बन जाएँगे। अभी तक से द्रविड़, सुनील गावस्कर, मोहम्मद अजहरुद्दीन और वीवीएस लक्ष्मण ने ही 100 से अधिक कैच लिए हैं।
तेंडुलकर की निगाह कई अन्य भी होगी। वह एक शतक जमाने के साथ ही ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दस शतक जमाने वाले दूसरे बल्लेबाज बन जाएँगे। इंग्लैंड के जैक हाब्स ने इस टीम के खिलाफ 12 शतक जमाए हैं।

यही नहीं, इस शतक से भारतीय सरजमीं पर सर्वाधिक शतक जमाने का रिकॉर्ड अकेले तेंडुलकर के नाम पर हो जाएगा। उन्होंने और सुनील गावस्कर ने अभी तक भारत में सर्वाधिक 16-16 शतक जमाए हैं। तेंडुलकर 12 रन बनाने के साथ ही भारतीय सरजमीं पर सर्वाधिक रन बनाने का गावस्कर का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर देंगे। उन्होंने अभी भारत में 5056 रन बनाए हैं।
भारतीय ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह और ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज ब्रेट ली 300 टेस्ट विकेट के क्लब में शामिल होने की कोशिश करेंगे। भारतीय पिचों पर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ काफी सफल रहे हरभजन को कपिल देव और अनिल कुंबले के बाद 300 टेस्ट विकेट लेने वालतीसरे गेंदबाज बनने के लिए नौ विकेट की दरकार है।
दूसरी तरफ बेट ली को यह मुकाम हासिल करने के लिए 11 विकेट चाहिए। यदि वह आगामी चार टेस्ट में इतने विकेट ले लेते हैं तो फिर इस क्लब में शामिल होने वाले पाँचवें ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज बन जाएँगे। अब देखना है कि हरभजन और ली में से कौन पहले इस क्लब में शामिल होता है।

ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ शानदार बल्लेबाजी करने वाले वीवीएस लक्ष्मण को अपने इस प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ 2000 रन बनाने वाला दूसरे भारतीय बल्लेबाज बनने के लिए 177 रन की जरूरत है, जबकि द्रविड़ भी 283 रन बनाने के साथ इस ग्रुप में शामिल हो जाएँगे। सचिन ने भारत की तरफ से सर्वाधिक 2352 रन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बनाए हैं।
पहले दो टेस्ट मैचों की टीम में शामिल सौरव गांगुली को 7000 रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में अपना नाम दर्ज करने के लिए केवल 112 रन चाहिए।

यदि शतकों की बात करें तो मैथ्यू हैडन को ऑस्ट्रेलिया की तरफ से भारत के खिलाफ सर्वाधिक शतक का रिकॉर्ड केवल अपने नाम करने के लिए एक शतक की जरूरत है। अभी यह रिकॉर्ड संयुक्त रूप से हैडन और डेविड बून (दोनों छह-छह शतक) के नाम पर है। हैडन यदि दो शतक जमा लेते हैं तो वह स्टीव वॉ के 32 टेस्ट शतकों की भी बराबरी कर लेंगे।
ऑस्ट्रेलियाई टीम भी इस श्रृंखला में एक नया मुकाम हासिल करेगी। वह इस श्रृंखला के नागपुर में होने वाले चौथे और अंतिम मैच में उतरने के साथ ही 700 टेस्ट मैच खेलने वाली दूसरी टीम बन जाएगी। इंग्लैंड ने अभी तक सर्वाधिक 877 टेस्ट मैच खेले हैं। (भाषा)


और भी पढ़ें :