ममता का बड़ा आरोप, बोलीं- मतदाताओं को धमकाने के लिए गुंडों की मदद ले रही भाजपा...

पुनः संशोधित मंगलवार, 23 मार्च 2021 (01:15 IST)
कोतुलपुर/इंडस (पश्चिम बंगाल)। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लोगों को नि:शुल्क चावल और दालें देने के वादे को लेकर भाजपा पर निधाना साधते हुए सोमवार को कहा कि भगवा दल चुनाव से पहले बड़े-बड़े वादे करता है, लेकिन उन्हें कभी पूरा नहीं करता। बनर्जी ने बांकुड़ा जिले के कोतुलपुर में एक रैली को संबोधित करते हुए आरोप लगाया कि भाजपा ने लोगों को धमकाने के लिए गुंडे बुलाए हैं। ये गुंडे आपके घर आकर हाथ जोड़कर महिलाओं से वोट मांग सकते हैं।
बनर्जी ने कहा, भाजपा के नेता चुनाव से पहले झूठ बोलते हैं। वे चावल, दालें, चाकरी (नौकरी) और हर चीज का वादा करेंगे, लेकिन चुनाव के बाद वे नजर नहीं आएंगे। मैं जानना चाहती हूं कि (2014 लोकसभा चुनाव से पहले) हर नागरिक के बैंक खाते में 15-15 लाख रुपए जमा कराने के पार्टी के वादे का क्या हुआ।

बनर्जी ने महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा, यदि ये लोग आपको अप्रत्यक्ष रूप से धमकाते हैं तो उन्हें खदेड़ने के लिए अपने घरों के बर्तन हाथों में लेकर तैयार रहें। बनर्जी ने आरोप लगाया कि पार्टी ने मतदाताओं को लूटने के लिए बाहर से गुंडे बुलाए हैं।

उन्होंने सरकारी नौकरियों में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण के भाजपा के वादे पर कटाक्ष करते हुए कहा, वे विभिन्न मंचों पर निर्वाचित प्रतिनिधियों में महिलाओं का 33 प्रतिशत प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए कदम नहीं उठा सके।

बनर्जी ने कहा, इसके विपरीत, तृणमूल ने हमेशा यह सुनिश्चित किया है कि महिलाओं को पंचायत और स्थानीय निकाय चुनावों में 50 प्रतिशत प्रतिनिधित्व मिले। इसके अलावा संसद में तृणमूल की 40 प्रतिशत सदस्य महिलाएं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा जिन राज्यों में सत्ता में है, वह उन राज्यों में महिलाओं के लिए आदेश जारी कर रही है कि उन्हें क्या पहनना चाहिए और क्या खाना चाहिए।

बनर्जी ने कहा, वे (भगवा दल के नेता) ये आदेश देते हैं कि किसी को साड़ी पहननी चाहिए या कोई और परिधान पहनना चाहिए। वे फैसला करते हैं कि गर्भवती महिला को अंडे खाने चाहिए या नहीं। उन्होंने कहा कि यदि भाजपा सत्ता में आती है, तो वह एनपीआर और एनआरसी को लागू कर देगी और इन रजिस्टर से असल नागरिकों के नाम हटा देगी।

बनर्जी ने कहा, पार्टी भारत का इतिहास और भूगोल बदलना चाहती है, वे अपनी इच्छानुसार शैक्षणिक संस्थानों के नाम बदलते हैं। गुजरात में एक स्टेडियम का नाम प्रधानमंत्री मोदी के नाम पर रखा गया। एक दिन वे हमारे देश का नाम ही बदल देंगे। उन्होंने कहा, जल्द ही नरेंद्र मोदी को (बीआर) आम्बेडकर, यहां तक कि (रवींद्रनाथ) टैगोर से भी बड़ी हस्ती के रूप में पेश किया जाएगा।

बनर्जी ने बंगाल को भ्रष्टाचार मुक्त बनाने के भाजपा के संकल्प पर निशाना साधते हुए कहा, हमें अब भी ‘पीएम केयर्स फंड’ के तहत खर्च किए गए धन की जानकारी नहीं मिली है। विनिवेश की आड़ में क्या चल रहा है, यह किसी से छुपा नहीं है। दूसरी ओर, मैं वेतन के रूप में एक भी पैसा नहीं लेती हूं।

उन्होंने कहा, मोदी बाबू, आपको बताना चाहिए कि आप कोल इंडिया, बीएसएनएल, एमटीएनएल और सेल को बंद करने और हिस्सेदारी बेचने को लेकर इतने आतुर क्यों हैं? आप राष्ट्रीयकृत बैंकों को बंद करने के लिए इतने आतुर क्यों हैं?

उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और वाम दलों की भाजपा के साथ मिलीभगत है। उन्होंने कहा, जब मैं विपक्ष में थी तो माकपा के गुंडों ने कोतुलपुर, चोमकैताला इलाकों में आतंक फैलाया था। जब मैंने पीड़ित परिवारों का समर्थन करने के लिए प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया था, तो उन्होंने मुझ पर हमला भी किया था और अब ये माकपा गुंडे भाजपा के साथ हैं।

उन्होंने 10 मार्च को नंदीग्राम में चुनाव प्रचार के दौरान उन्हें लगी चोट के बारे में बात करते हुए आरोप लगाया कि वह प्रतिद्वंद्वियों के षड्यंत्र का शिकार हुईं। मुख्यमंत्री ने बांकुड़ा के इंडस में भी एक अन्य चुनावी रैली को संबोधित करते हुए पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा कि वे ईवीएम की जांच के दौरान या त्रुटिपूर्ण उपकरणों को बदले जाने के दौरान सतर्क रहे।

उन्होंने कहा, चुनाव के दौरान किसी भी अजनबी की दी कोई चीज न खाएं और उनकी दी सिगरेट न पिएं। ईवीएम छोड़कर कहीं न जाएं, भले ही कुछ भी हो जाए। उन्होंने मतदाताओं से अपील की कि वह मत के बदले तोहफे देने वाले लोगों से दूर रहें।

के सदस्य की रहस्यमयी मौत : तृणमूल कांग्रेस की अंचल समिति के एक सदस्य की चुनावी राज्य पश्चिम बंगाल के झारग्राम जिले में सोमवार को रहस्यमय परिस्थितियों में मौत हो गई। इस घटना को लेकर राज्य में सत्तारूढ़ दल और भाजपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप छिड़ गया है।

पुलिस ने बताया कि पिंडरा गांव निवासी दुर्गा सोरेन (50) रविवार शाम पड़ोस के नेतुरा बाजार में अचेत हालत में मिला था। उन्होंने बताया कि उसे झारग्राम सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

पुलिस ने बताया कि सोरेन के शव पर चोट का कोई निशान नहीं है और मौत की वजह का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। वहीं एक अन्य व्यक्ति नेतुरा बाजार इलाके में घायल पाया गया। उसके बड़े भाई ने बताया कि उसके सिर में चोट लगी है।

तृणमूल के अंचल समिति के सदस्य की मौत की खबर फैलने के बाद नेतुरा और पिंडरा इलाकों में तनाव बढ़ने पर दोनों दलों (टीएमसी और भाजपा) के बीच आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गया है। इलाके में चुनाव प्रचार कर रहे तृणमूल कांग्रेस नेता देबांग्शु भट्टाचार्य ने अस्पताल का दौरा किया और आरोप लगाया कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने सोरेन की पत्नी की बेइज्जती की थी और विरोध करने पर उसकी (सोरेन की) पीट-पीट कर हत्या कर दी गई।

उन्होंने कहा, हम इस तरह की घटनाएं उत्तर प्रदेश और बिहार में होने के बारे में सुना करते थे। आज, बंगाल में भी भाजपा के चलते ऐसी घटनाएं हो रही हैं। वहीं भाजपा के झारग्राम जिला प्रमुख तूफान महतो ने कहा, उनकी पार्टी का इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना से कोई संबंध नहीं है।

सोरेन की मां फूलबनी और उनके बेटे दुलाल ने बताया कि उन्हें सुनने में आया था कि बाजार इलाके में दो गुटों के लोगों के बीच झगड़ा हुआ है, लेकिन नहीं मालूम चला था कि क्या हुआ है क्योंकि वे घर पर थे। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए इलाके में पुलिसकर्मी तैनात कर दिए गए हैं। झारग्राम में पहले चरण में 27 मार्च को चुनाव होने वाला है।(भाषा)



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