कहाँ मैख़ाने का दरवाज़ा
कहाँ मैख़ाने का दरवाज़ा ग़ालिब और कहाँ वाइज़
बस इतना जानते हैं कल वो जाता था के हम निकले------ग़ालिब
मयख़ाना-----मधुशाला, शराबख़ाना
वाइज़ -------धार्मिक उपदेश देने वाला, धर्म के हवाले से शराब को बुरा और हराम कहने वाला
बस इतना जानते हैं कल वो जाता था के हम निकले------ग़ालिब
मयख़ाना-----मधुशाला, शराबख़ाना
वाइज़ -------धार्मिक उपदेश देने वाला, धर्म के हवाले से शराब को बुरा और हराम कहने वाला
