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शनिदेव के प्रकोप से बचने के 5 अचूक उपाय
Shani Jayanti 2023: हिन्दू कैलेंडर के अनुसार ज्येष्ठ माह की अमावस्या को शनि जयंती मनाई जाती है। इस बार 19 मई 2023 को शनि जयंती मनाई जा रही है। शनि देव के प्रकोप से बचने का यह सबसे अच्छा दिन है। इस दिन शनिदेव की पूजा, शनि चालीसा का पाठ, दान और पुण्य तो करना ही चाहिए साथ ही कर लें 5 अचूक उपाय।
पहला अचूक उपाय : दक्षिणामुखी हनुमान जी की पूजा करें। दक्षिण में हनुमानजी का मुख होने से यम और शनि का दोने नहीं लगता। इसलिए दक्षिणामुखी हनुमान की साधना काल, भय, संकट और चिंता का नाश करने वाली होती है। इससे शनि की सभी तरह की बाधा भी दूर रहो जाती है।
दूसरा अचूक उपाय : शनि जयंती पर शनि मंदिर में छाया दान करें। अर्थात कांसे के कटोरे को सरसों या तिल के तेल से भरकर उसमें अपना चेहरा देखकर दान करें। इसी के साथ वहां यदि पीपल का वृक्ष लगा हो तो उसकी पूजा करके वहां पर तेल का दीपक जलाकर आएं।
तीसरा अचूक उपाय : शनि जयंती पर कुत्ते, चीटिंयों, कौवे, गाय, मछली, गरीब, मजदूर, सफाईकर्मी, अंधों, कुष्ट रोगियों और लंगड़ों को भोजन कराएं और उन्हें दक्षिणा दें।
चौथा अचूक उपाय : पौधा रोपण करते रहें। हिन्दू धर्म में बताएं गए पंच वृक्षों में से कोई एक वृक्ष लगाएं या शमी का पेड़ लगाकर उसकी देखरेख करें।
पांचवां उपाय : एक-एक किलो 7 प्रकार के अनाज, आधा किलो तिल, आधा किलो काले चने और कुछ लोहे की कील को एक साथ एक नीले कपड़े में बांध लें और इसे किसी शनि मंदिर में दान कर दें। ऐसा करने से शनिदेव की कृपा प्राप्त होगी है और कष्टों से मुक्ति मिलेगी। या शनि जयंती के दिन लोहे का त्रिशूल महाकाल शिव, महाकाल भैरव या महाकाली मंदिर में अर्पित करें।
