Last Modified: वेलिस्टन ,
रविवार, 19 अगस्त 2007 (14:36 IST)
सेंसर बताएँगे पुल खराब है!
पुलों की स्थिति मापने के लिए वैज्ञानिक अब सौर ऊर्जा से चलने वाले ऐसे सेंसर पर प्रयोग कर रहे हैं, जो समय-समय पर पुलों की सिस्मिक गतिविधियों, कंपन आदि की जानकारी देता रहेगा। इससे पुलों को ढहने से बचाने की दिशा में महत्वपूर्ण मदद मिल सकेगी।
वैज्ञानिक स्टीव आर्म्स और उनकी कंपनी माइक्रो स्ट्रेन इंक ने इस प्रोजेक्ट पर काम शुरू कर दिया है। दो सप्ताह पहले मिनीपोलिस में ढहे विशाल पुल के बाद वैज्ञानिकों ने इस दिशा में काम शुरू किया है। इस हादसे में नौ लोगों की मौत हो गई थी।
सौर ऊर्जा से चलने वाला यह सेंसर सिस्टम वायरलेस होगा और पुल में पैदा होने वाले तनाव, सिस्मिक गतिविधियों और कंपन की जानकारियाँ समय-समय पर उपलब्ध करवाता रहेगा। इन सेंसरों की बैटरी साल में एक बार बदलना प़ड़ेगी और इन्हें पुल के खंभों में किसी एक जगह लगा दिया जाएगा। ऐसा ही एक प्रयोग ग्रीस के कोरिंथ केनल ब्रिज में किया गया है। 6 गुणा 9 इंच के फोटो वोल्टेक पेनल के जरिये यह उपकरण चार्ज होता रहेगा।
यह एक माइक्रो इलेक्ट्रॉनिक मॉड्यूल से जु़ड़ा रहता है, जो डाटा स्टोर करने का काम करता है। यह डाटा वायरलेस कनेक्शन से जु़ड़े एक कम्प्यूटर तक पहुँचता है, जिससे शोधकर्ताओं को पुल की सही स्थिति मापने में मदद मिलती है। यदि कोई दिक्कत है, तो उसे तुरंत ठीक किया जा सकेगा।