कंठ में विष, विषधर की माला, चंद्रगंग से शोभित मुख है, मुख पर शोभित, भंग का प्याला सत्य ही शिव है, शिव ही सुंदर, मेरा भगवन् भोला-भाला तेरे सहारे जीवन नैया, कोई नहीं अब तेरे सिवाय ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय। ...