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बदलापुर पर सियासी बवाल, सुप्रिया सुले ने मांगा फडणवीस का इस्तीफा
badalapur : राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी शरद चंद्र पवार की नेता सुप्रिया सुले ने बदलापुर यौन उत्पीड़न मामले को लेकर बुधवार को महाराष्ट्र सरकार पर निशाना साधा और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के इस्तीफे की मांग की। फडणवीस के पास गृह मंत्रालय का भी जिम्मा है। ALSO READ: बदलापुर में इंटरनेट बंद, नहीं खुले स्कूल, 300 लोगों पर FIR
बदलापुर की घटना की निंदा करने के लिए आयोजित एक विरोध प्रदर्शन से इतर संवाददाताओं से बात करते हुए सुले ने एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली सरकार पर महिला सुरक्षा के मुद्दे पर गंभीर नहीं होने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि सरकार तो पार्टियों को तोड़ने में व्यस्त है, लिहाजा उसके पास आम लोगों के लिए समय नहीं है।
सुले ने कहा कि स्कूल में घटना के तत्काल बाद यदि शिक्षा मंत्री ने कार्रवाई की होती तो आंदोलन की जरूरत नहीं पड़ती। यह दर्शाता है कि यह सरकार महिलाओं की सुरक्षा के बारे में बिल्कुल भी गंभीर नहीं है। सरकार आयकर विभाग और प्रवर्तन निदेशालय का इस्तेमाल कर घरों, पार्टियों को तोड़ने में व्यस्त है।
बदलापुर येथे दोन चिमुकलींवर झालेल्या अत्याचाराच्या निषेधार्थ डेक्कन, पुणे येथे राष्ट्रवादी काँग्रेस पार्टी शरदचंद्र पवार पक्षाच्या वतीने आयोजित आंदोलनात सहभागी झाले. यावेळी अत्याचार करणाऱ्या नराधमाला फाशी द्यावी अशी मागणी केली. तसेच महिला सुरक्षेत अपयशी ठरलेल्या गृहमंत्र्यांनी… pic.twitter.com/B0fgAbnrP1
— Supriya Sule (@supriya_sule) August 21, 2024
बारामती से सांसद सुले ने घटना को लेकर फडणवीस की आलोचना की और पूछा कि शक्ति कानून का क्या हुआ जो पहले लाया गया। गृह मंत्री, जो मुंबई से ज्यादा समय दिल्ली में बिताते हैं, उन्हें इस घटना पर स्पष्टीकरण देना चाहिए और नैतिक जिम्मेदारी के तौर पर इस्तीफा देना चाहिए।
प्राथमिकी दर्ज करने में देरी पर सवाल उठाते हुए सुले ने जानना चाहा कि पुलिस की निष्क्रियता के खिलाफ जांच क्यों नहीं शुरू की गई। अगर लोगों ने आंदोलन नहीं किया होता तो यह घटना सामने नहीं आती। ALSO READ: Thane protest : बदलापुर कांड से भड़के लोग, स्टेशन पर किया कब्जा, पुलिस पर पथराव, प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज
उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति चरमरा रही है और महिलाओं के खिलाफ अपराध बढ़ रहे हैं। बदलापुर स्कूल की घटना को अधिक संवेदनशीलता से देखा जाना चाहिए था।
गौरतलब है कि बदलापुर कस्बे में मंगलवार को उस समय बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए जब गुस्साए अभिभावकों, स्थानीय निवासियों और अन्य लोगों ने रेलवे पटरियों को अवरुद्ध कर दिया और उस स्कूल में तोड़फोड़ की, जहां पिछले सप्ताह एक पुरुष सहायक द्वारा दो छात्राओं का यौन उत्पीड़न किया गया था।
प्रदर्शनकारियों ने आरोपी के खिलाफ सख्त सजा की मांग की, जिसे 17 अगस्त को गिरफ्तार किया गया था। राज्य सरकार ने मंगलवार को 2 बच्चियों के यौन उत्पीड़न की जांच में कर्तव्य के प्रति कथित लापरवाही के लिए एक वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सहित 3 पुलिस अधिकारियों को निलंबित करने का आदेश दिया।
Edited by : Nrapendra Gupta
