19 मार्च से 27 मार्च 2026 तक चैत्र नवरात्रि का पर्व रहेगा। इस नवरात्रि में साधना और पूजा का खास महत्व रहता है। चैत्र नवरात्रि शक्ति की उपासना का महापर्व है। मान्यताओं के अनुसार, इन 9 दिनों में किए गए विशेष उपाय जीवन के बड़े से बड़े संकट को टालने की शक्ति रखते हैं। यहाँ कुछ प्रभावी उपाय दिए गए हैं जिन्हें आप अपनी समस्याओं के अनुसार कर सकते हैं।
1. घोर संकट और बाधा मुक्ति के लिए
यदि जीवन में परेशानियां खत्म होने का नाम नहीं ले रही हैं, तो यह उपाय रामबाण माना जाता है:
मंत्र: पूरे नवरात्रि 'अर्गला स्तोत्रम्' का पाठ करें या माँ दुर्गा के इस मंत्र का जाप करें:-
"शरणागत दीनार्त परित्राण परायणे। सर्वस्यार्तिहरे देवि नारायणि नमोऽस्तु ते॥"
विधि: शाम के समय माँ के सामने गुग्गुल की धूप जलाएं और पीली सरसों हाथ में लेकर पूरे घर में छिड़कें।
2. आर्थिक तंगी और कर्ज से मुक्ति के लिए
हनुमान जी का उपाय: नवरात्रि के किसी भी दिन (अधिमानतः मंगलवार या शनिवार) हनुमान जी को पान का बीड़ा (कत्था, गुलकंद, सौंफ वाला) अर्पित करें। इससे कर्ज से मुक्ति मिलती है।
मखाने और सिक्के: लक्ष्मी जी को प्रसन्न करने के लिए एक लाल कपड़े में 5 मखाने और 5 चांदी के सिक्के (या सामान्य सिक्के) रखकर माँ को अर्पित करें और नवमी के बाद इन्हें अपनी तिजोरी में रख दें।
3. सुख-शांति और कलह दूर करने के लिए
कपूर का उपाय: प्रतिदिन सुबह और शाम कपूर में 2 लौंग डालकर जलाएं और उसका धुआं पूरे घर में दिखाएं। इससे घर की नकारात्मक ऊर्जा नष्ट होती है।
दुर्वा और गणेश जी: यदि परिवार में तनाव रहता है, तो प्रथम पूज्य गणेश जी को प्रतिदिन 21 दूर्वा (घास) चढ़ाएं।
4. स्वास्थ्य और लंबी आयु के लिए
चंदन और जल: माँ दुर्गा को लाल चंदन का तिलक लगाएं और उनके चरणों से थोड़ा चंदन लेकर अपने माथे पर लगाएं।
दुर्गा सप्तशती: यदि संभव हो तो 'कुंजिका स्तोत्र' का पाठ करें, यह शत्रुओं और रोगों से रक्षा करने में अत्यंत शक्तिशाली माना जाता है।
विशेष सावधानियां (Special Tips)
अखंड ज्योति: यदि आप घर में अखंड ज्योति जलाते हैं, तो ध्यान रखें कि वह बुझने न पाए। यह संकटों से सुरक्षा का कवच मानी जाती है।
कन्या पूजन: अष्टमी या नवमी के दिन कन्याओं को भोजन कराकर उन्हें उनकी पसंद की कोई वस्तु (विशेषकर लाल रंग की) भेंट करें। उनका आशीर्वाद संकटों को तुरंत हर लेता है।
शुद्धता: इन 9 दिनों में सात्विक भोजन करें और अपशब्दों का प्रयोग न करें।
एक सरल दैनिक मंत्र:
यदि आप बहुत कुछ नहीं कर सकते, तो प्रतिदिन 108 बार इस नवार्ण मंत्र का जाप करें। यह नवार्ण मंत्र सुरक्षा, बुद्धि और शक्ति तीनों प्रदान करता है।
मंत्र: "ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे"