'इकाना' की पिच है या 'वाका की , हार के बाद लैंगर का अजीब बहाना
लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के प्रमुख कोच जस्टिन लैंगर ने IPL 2026 में अपने घरेलू मैदान पर मिली लगातार तीसरी हार के बाद कहा है कि इकाना की पिच 'वाका' जैसी तेज़ और उछाल भरी है, जिस पर अभी उनकी टीम ठीक तरह से सामंजस्य नहीं बिठा पाई है।
लैंगर ने ये बातें बुधवार को राजस्थान रॉयल्स (RR) के ख़िलाफ़ 40 रन से मिली हार के बाद कही। यह मैच पिच नंबर चार पर खेला गया था।लाल मिट्टी की इस उछाल भरी पिच पर LSG के कप्तान ऋषभ पंत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला किया, जिसे उनके तेज़ गेंदबाज़ों की तिकड़ी मोहम्मद शमी, मोहसिन ख़ान और प्रिंस यादव ने सही साबित किया।
इन तीनों ने मिलकर RR की आधी टीम को सिर्फ़ 77 रन पर पवेलियन भेज दिया। अंत में रवींद्र जाडेजा के संघर्ष की मदद से RR 150 के स्कोर को पार कर पाई और बाद में जोफ़्रा आर्चर की अगुवाई में गेंदबाज़ों के शानदार प्रदर्शन की मदद से RR ने इस मैच में 40 रनों की जीत दर्ज की।IPL 2025 से लखनऊ में खेले गए 10 मैचों में यह LSG की आठवीं हार थी।
घरेलू मैदान पर निराशाजनक प्रदर्शन के सवाल पर लैंगर ने कहा, "यह पिच भारत के अन्य मैदानों से बिल्कुल अलग है। यह एक बेहतरीन क्रिकेट पिच है, जिसमें तेज़ी और उछाल है। हमारी टीम ही अब तक इस पर एडजस्ट नहीं कर पाई है। हम गेंदबाज़ी तो अच्छी कर रहे हैं, पहले मैच में भी इसी पिच नंबर चार पर हमारी गेंदबाज़ी अच्छी हुई थी। लेकिन हमारे बल्लेबाज़ अतिरिक्त उछाल और तेज़ी से सामांजस्य नहीं बिठा पा रहे हैं।"
"हमने देखा है कि हमारे बल्लेबाज़ कई बार शॉर्ट गेंदों पर आउट हुए, इसका मतलब है कि वे एडजस्ट नहीं कर पा रहे हैं। भारत में अधिकतर पिचों पर इतनी उछाल नहीं होती, यह पिच वाका की तरह खेल रही है। यह एक अच्छी पिच है, लेकिन हम ही इस पर सही तरीके से नहीं खेल पा रहे हैं।"
LSG की तरफ़ से पिछले साल एडन मारक्रम, मिचेल मार्श और निकोलस पूरन पिछले साल टॉप-3 का निर्माण करते थे और तीनों का सीज़न 400+ रनों का गया था।
लेकिन इस बार LSG लगातार अपने बल्लेबाज़ी क्रम से प्रयोग कर रही है। पहले मैच में मार्श के साथ कप्तान पंत को ओपनिंग के लिए भेजा गया, जबकि अगले चार मैच में मारक्रम और मार्श की पुरानी सलामी जोड़ी वापस आ गई। इन चार मैचों में LSG को दो में जीत और दो में हार का सामना करना पड़ा।
हालांकि जब लग रहा था कि यह बल्लेबाज़ी क्रम कुछ सेटल हो रहा है, तो फिर से LSG ने आयुष बदोनी को ओपनिंग के लिए भेज दिया और मारक्रम अब पूरन के साछ मध्य क्रम में आ रहे हैं। वहीं पंत पहले मैच के बाद से लगातार उनके नंबर तीन बल्लेबाज़ हैं, जबकि पूरन अब टॉप-3 से निकलकर मध्य क्रम में चौथे या पांचवें स्थान पर आ रहे हैं।
बल्लेबाज़ी क्रम में इतने बदलाव के तर्क पर लैंगर ने कहा, "हमें इस सीज़न की शुरुआत में ऐसा लगा कि जो चीज़ हमारे लिए पिछले साल काम कर गई, वो ज़रूरी नहीं है कि इस साल भी काम करे। एडन (मारक्रम) एक निःस्वार्थ खिलाड़ी हैं और सीज़न के पहले कुछ मैचों के बाद हमें लगा कि हमें उनके स्मार्ट क्रिकेट की मध्य क्रम में ज़रूरत है। हमें लगा कि एडन और पूरन जैसे हमारे दो सबसे अनुभवी खिलाड़ियों को मध्य क्रम में होना चाहिए, जो कि T20 क्रिकेट में बल्लेबाज़ी के लिए सबसे कठिन जगह है।"
LSG के लिए ना सिर्फ़ उनकी बल्लेबाज़ी बल्कि ख़ुद कप्तान पंत का फ़ॉर्म भी सबसे बड़ा चिंता का विषय है, जो इस सीज़न सिर्फ़ एक अर्धशतक लगा पाए हैं, जबकि आठ में से पांच बार उनकी पारी 20 से भी कम स्कोर पर सिमटी है। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट भी सिर्फ़ 132.43 का है। बुधवार को भी वह एक रचनात्मक शॉट खेलने के चक्कर में डक पर नांद्रे बर्गर का शिकार हुए।
लेंगर ने कहा, "वह आजादी के साथ खेलना चाहतें है। हम जानते हैं कि वह किस तरह का क्रिकेट खेलते हैं और उसका अधिकतर क्रिकेट इंस्टिक्ट पर आधारित होता है। वह नंबर तीन के एक बेहद महत्वपूर्ण जगह पर खेल रहे हैं और आक्रामक क्रिकेट खेलना चाहते हैं, जैसा हमें पंजाब के ख़िलाफ़ मैच में दिखा भी था। हम लोग निराश हैं, लेकिन हमसे ज़्यादा वह निराश है। वह आज भी आक्रामक खेलना चाहते थे, लेकिन आज उनका वह शॉट ठीक से बल्ले पर आया नहीं।"
इस सीज़न की शुरुआत में लैंगर ने कहा था कि उनके पास बल्लेबाज़ी और गेंदबाज़ी हर विभाग में अनेकों विकल्प हैं। लेकिन पांच हार के बाद क्या वह विकल्पों की कमी से जूझ रहे हैं? इस बाबत लैंगर ने कहा, "ऐसा अभी भी नहीं है। हमारी समस्या यही है कि हमारे पास कई विकल्प हैं। हमारे पास इतनी भारतीय प्रतिभाएं हैं कि हम सिर्फ़ तीन ही विदेशी खिलाड़ियों के साथ खेल रहे हैं। इसलिए आप ये नहीं कह सकते कि हम विकल्पों की कमी से जूझ रहे हैं।"
लैंगर ने ये बातें बुधवार को राजस्थान रॉयल्स (RR) के ख़िलाफ़ 40 रन से मिली हार के बाद कही। यह मैच पिच नंबर चार पर खेला गया था।लाल मिट्टी की इस उछाल भरी पिच पर LSG के कप्तान ऋषभ पंत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला किया, जिसे उनके तेज़ गेंदबाज़ों की तिकड़ी मोहम्मद शमी, मोहसिन ख़ान और प्रिंस यादव ने सही साबित किया।
इन तीनों ने मिलकर RR की आधी टीम को सिर्फ़ 77 रन पर पवेलियन भेज दिया। अंत में रवींद्र जाडेजा के संघर्ष की मदद से RR 150 के स्कोर को पार कर पाई और बाद में जोफ़्रा आर्चर की अगुवाई में गेंदबाज़ों के शानदार प्रदर्शन की मदद से RR ने इस मैच में 40 रनों की जीत दर्ज की।IPL 2025 से लखनऊ में खेले गए 10 मैचों में यह LSG की आठवीं हार थी।
"हमने देखा है कि हमारे बल्लेबाज़ कई बार शॉर्ट गेंदों पर आउट हुए, इसका मतलब है कि वे एडजस्ट नहीं कर पा रहे हैं। भारत में अधिकतर पिचों पर इतनी उछाल नहीं होती, यह पिच वाका की तरह खेल रही है। यह एक अच्छी पिच है, लेकिन हम ही इस पर सही तरीके से नहीं खेल पा रहे हैं।"
LSG की तरफ़ से पिछले साल एडन मारक्रम, मिचेल मार्श और निकोलस पूरन पिछले साल टॉप-3 का निर्माण करते थे और तीनों का सीज़न 400+ रनों का गया था।
लेकिन इस बार LSG लगातार अपने बल्लेबाज़ी क्रम से प्रयोग कर रही है। पहले मैच में मार्श के साथ कप्तान पंत को ओपनिंग के लिए भेजा गया, जबकि अगले चार मैच में मारक्रम और मार्श की पुरानी सलामी जोड़ी वापस आ गई। इन चार मैचों में LSG को दो में जीत और दो में हार का सामना करना पड़ा।
हालांकि जब लग रहा था कि यह बल्लेबाज़ी क्रम कुछ सेटल हो रहा है, तो फिर से LSG ने आयुष बदोनी को ओपनिंग के लिए भेज दिया और मारक्रम अब पूरन के साछ मध्य क्रम में आ रहे हैं। वहीं पंत पहले मैच के बाद से लगातार उनके नंबर तीन बल्लेबाज़ हैं, जबकि पूरन अब टॉप-3 से निकलकर मध्य क्रम में चौथे या पांचवें स्थान पर आ रहे हैं।
बल्लेबाज़ी क्रम में इतने बदलाव के तर्क पर लैंगर ने कहा, "हमें इस सीज़न की शुरुआत में ऐसा लगा कि जो चीज़ हमारे लिए पिछले साल काम कर गई, वो ज़रूरी नहीं है कि इस साल भी काम करे। एडन (मारक्रम) एक निःस्वार्थ खिलाड़ी हैं और सीज़न के पहले कुछ मैचों के बाद हमें लगा कि हमें उनके स्मार्ट क्रिकेट की मध्य क्रम में ज़रूरत है। हमें लगा कि एडन और पूरन जैसे हमारे दो सबसे अनुभवी खिलाड़ियों को मध्य क्रम में होना चाहिए, जो कि T20 क्रिकेट में बल्लेबाज़ी के लिए सबसे कठिन जगह है।"
लेंगर ने कहा, "वह आजादी के साथ खेलना चाहतें है। हम जानते हैं कि वह किस तरह का क्रिकेट खेलते हैं और उसका अधिकतर क्रिकेट इंस्टिक्ट पर आधारित होता है। वह नंबर तीन के एक बेहद महत्वपूर्ण जगह पर खेल रहे हैं और आक्रामक क्रिकेट खेलना चाहते हैं, जैसा हमें पंजाब के ख़िलाफ़ मैच में दिखा भी था। हम लोग निराश हैं, लेकिन हमसे ज़्यादा वह निराश है। वह आज भी आक्रामक खेलना चाहते थे, लेकिन आज उनका वह शॉट ठीक से बल्ले पर आया नहीं।"
इस सीज़न की शुरुआत में लैंगर ने कहा था कि उनके पास बल्लेबाज़ी और गेंदबाज़ी हर विभाग में अनेकों विकल्प हैं। लेकिन पांच हार के बाद क्या वह विकल्पों की कमी से जूझ रहे हैं? इस बाबत लैंगर ने कहा, "ऐसा अभी भी नहीं है। हमारी समस्या यही है कि हमारे पास कई विकल्प हैं। हमारे पास इतनी भारतीय प्रतिभाएं हैं कि हम सिर्फ़ तीन ही विदेशी खिलाड़ियों के साथ खेल रहे हैं। इसलिए आप ये नहीं कह सकते कि हम विकल्पों की कमी से जूझ रहे हैं।"
