1. लाइफ स्‍टाइल
  2. साहित्य
  3. काव्य-संसार
  4. sushma and arun jaitely

श्रद्धा-सुमन सुषमा-जेटली की स्मृति में

sushma and arun jaitely
मोदी के कर्मठ महाकाश के 
टूट गए सितारे दो।  
भारत के दो उज्ज्वल नक्षत्र,
कर्मक्षेत्र के उजियारे दो।। 
 
भारत की कूटनीति की सुषमा,
आंतरिक राजनीति की अरुणाई।  
मध्दिम हुई इन आकस्मिक झटकों से,
अनगिन आंखें भर आईं।।
 
दो गहरे चिंतक, कुशल प्रवक्ता,
पोषक उज्ज्वल आदर्शों के। 
राजनीति की दुर्गंधी गलियों में,
सुखद बयार से, वर्षों के।।
 
सचमुच यह अपूरणीय क्षति है 
देश के राजनीतिक जीवन की।।
उनके पथ पर चलकर ही,
सच्ची सेवा होगी जन-गण-मन की।।
लेखक के बारे में
डॉ. रामकृष्ण सिंगी
डॉ. रामकृष्ण सिंगी ने मध्यप्रदेश के शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालयों में 40 वर्षों तक अध्यापन कार्य किया तथा 25 वर्षों तक वे स्नातकोत्तर वाणिज्य विभागाध्यक्ष व उप प्राचार्य रहे। महू में डॉ. सिंगी का निवास 1194 भगतसिंह मार्ग पर है। डॉ. सिंगी देवी अहिल्या विश्वविद्‍यालय इंदौर (मप्र) के वाणिज्य संकाय.... और पढ़ें
अगला लेख
संवत्सरी महापर्व पर मिच्छामी दुक्कड़म कहकर देंगे क्षमा और मैत्री का संदेश