स्पर्श रेकी द्वारा उपचार

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-रुचिर गुप्त

रेकी एक प्राकृतिक उपचार पद्धति है जिससे हम मानसिक एवं शारीरिक रूप से स्वस्थ होते हैं। इस पद्धति का प्रचलन आजकल बहुत हो गया है और बहुत से लोग इसे सिखाने का दावा करते हैं।

रेकी क्या है? यह एक जापानी शब्द है, जिसका अर्थ होता है जीवन शक्ति-प्राण शक्ति। यह शक्ति हम सभी लोगों के पास होती है और हमारा जीवन इस शक्ति पर ही चलता है। जब भी कोई बच्चा जन्म लेता है, उस बच्चे के पास इस शक्ति की प्रचुरता होती है। परंतु धीरे-धीरे उसकी इस शक्ति को ग्रहण करने की क्षमता कम होती जाती है। वह जैसे-जैसे बड़ा होता है, उनके ऋणात्मक विचारों से और उसके आसपास के वातावरण से वह जो भी ग्रहण करता है, उसे वह अपने आभा मंडल में सँजोए रखता है। यह आभा मंडल तीन शरीरों से मिलकर बना है।
भौतिक शरीर, ऊर्जा शरीर और मनोमय शरीर। भौतिक शरीर हमारे दैनिक जीवन के कार्यों में हमारी सहायता करता है। ऊर्जा शरीर ऊर्जा को ब्रह्माण्ड से लेता है और हमारे शरीर में प्रवाहित करता है। मनोमय शरीर का कार्य होता है विचारों का आदान-प्रदान। हम अपनी भावनाएँ, विचार सभी चीजें मनोमय शरीर में रखते हैं। इन्हीं भावनाओं, विचारों पर हमारा जीवन निर्भर करता है। अगर ये सकारात्मक हैं, तो हमें शांति, सुख एवं सकारात्मक परिणाम मिलते हैं। अगर यह नकारात्मक है तो परिणाम भी नकारात्मक मिलते हैं।
हम इन्हें रेकी द्वारा सकारात्मक बना सकते हैं। रेकी में हमारे शरीर में एक चैनल बनाई जाती है हाथों तक। इन हाथों में ऊर्जा प्रवाहित होने लगती है और हम इन हाथों का उपयोग दूसरों के शरीर को स्पर्श करके उनके तनावों को मुक्त करने में कर सकते हैं। जब हम रेकी सीखते हैं और अभ्यास करते हैं, तो हमारे आभा मंडल के तीनों शरीरों में एक समानता आ जाती है। जब समानता आ जाती है तब शरीर अपने आप तनाव मुक्त हो जाता है।
रेकी कोई धर्म नहीं है। वह पूर्णतः एक प्राकृतिक ऊर्जा है, जिसे प्राप्त करना हम लोग चैनल के रूप में आसान कर देते हैं। रेकी सीखने के लिए दो दिनों की आवश्यकता होती है और सबसे महत्वपूर्ण होती है, सीखने की इच्छा। रेकी में 14 से 16 घंटे की क्लास का अपना एक अलग महत्व है। रेकी में जो प्रशिक्षण दिया जाता है, उसमें कुछ जीवन मूल्यों की बातें सिखाना भी एक मुख्य बिंदु है। उन बातों का अगर हम अनुसरण करते हैं तो हमारे जीवन में कठिनाइयाँ काफी कम हो जाती हैं।
अब कुछ बातें रेकी मास्टर्स के बारे में जानना भी जरूरी है। जिस भी रेकी मास्टर से आप सीखना चाहते हैं, उस व्यक्ति से मिलें और उसकी रेकी ज्ञान क्षमता के बारे में जानें। जैसे, उन्होंने रेकी मास्टरशिप किस व्यक्ति से सीखी। उनकी डॉ. मिकाऊ उसई से लाइनेज पूर्ण होनी चाहिए। लाइनेज का रेकी में बहुत महत्व है। जो गुरु परंपरा है उसके द्वारा ही हमारे अंदर कृतज्ञता आती है। रेकी मास्टरशिप में करीब 2 से 3 वर्ष का समय लगता है।

 

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