तेलंगाना में 500 कुत्तों की बेरहमी से हत्या, सरपंचों और अधिकारियों पर आरोप, क्या चुनावी वादा है हत्याओं के पीछे?
तेलंगाना के 2 जिलों कामारेड्डी और हमनकोंडा में 7 दिनों के भीतर 500 आवारा कुत्तों की हत्या का मामला सामने आया है। उच्चतम न्यायालय में स्ट्रे डॉग्स पर चल रही सुनवाई के बीच कुत्तों की यह सामूहिक हत्या की घटना हैरान करने वाली है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक इन घटनाओं को क्षेत्र में चुनावी वादा पूरा करने के लिए अंजाम दिया गया है।
बताया जा रहा है कि इस पूरे कांड में यहां के स्थानीय सरपंचों और स्थानीय अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगे हैं। पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना सामने आने के बाद पशु कल्याण संगठनों ने सख्त कार्रवाई की मांग की है। इसे लेकर कई डॉग लवर्स में भी जमकर नाराजगी है।
7 दिनों 500 कुत्ते मारे : मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जिले में लगभग 500 आवारा कुत्तों की बेरहमी से हत्या कर दी गई। इस सामूहिक हत्या को 6, 7 और 8 जनवरी 2026 को यानी कि 3 दिनों के अंदर अंजाम दिया गया। बाद में कुछ कुत्ते और मारे गए, जिससे यह संख्या 500 हो गई है। आरोप है कि यह काम गांव के सरपंचों, सचिवों और कुछ स्थानीय व्यक्तियों ने किया है, जो पशु संरक्षण कानूनों का खुला उल्लंघन है। घटना की जानकारी मिलते ही पशु कल्याण कार्यकर्ता और स्ट्रे एनिमल फ़ाउंडेशन ऑफ इंडिया नाम के क्रूरता निवारण प्रबंधक अदुलापुरम गौतम ने तुरंत पुलिस को इसकी जानकारी दी।
कुत्तों की हत्याओं के पीछे चुनावी वादा : समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक जिन गांवों में कुत्तों की क्रूर हत्या की घटनाएं हुई हैं, उन गांवों के लोगों ने कहा है कि हाल ही में हुए पंचायत चुनाव के दौरान निर्वाचित हुए कुछ प्रतिनिधियों और सरपंच ने आवारा कुत्तों की समस्या से निपटने के वादे किए थे। अपने चुनावी वादे पूरे करने के लिए ही कुत्तों की सामूहिक हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया है। अदुलापुरम गौतम ने जिन गांवों में दो सौ कुत्तों की हत्या की शिकायत दर्ज कराई है, उससे पहले हमनकोंडा जिले में भी ऐसी ही शिकायत दर्ज हुई थी।
दोषियों को सजा की मांग : गौतम ने शायंपेटा पुलिस स्टेशन जाकर मामले की औपचारिक शिकायत की, जिसके बाद पुलिस ने एक FIR दर्ज की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एक पूर्व केंद्रीय मंत्री ने भी इसमें हस्तक्षेप किया। उन्होंने सर्कल इंस्पेक्टर और सब-इंस्पेक्टर से बात की और उन्हें सख्त निर्देश दिए। मंत्री ने कहा कि FIR दर्ज करने के साथ-साथ मृत जानवरों का पोस्टमॉर्टम भी कानून के मुताबिक कराया जाए, ताकि सच्चाई सामने आए और दोषियों को सजा मिले। इस घटना पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए अदुलापुरम गौतम ने कहा, 'आवारा कुत्तों की संख्या को नियंत्रित करने का एनिमल बर्थ कंट्रोल (ABC) ही एकमात्र वैज्ञानिक और मानवीय समाधान है।'
Edited By: Navin Rangiyal