राजनीति से संन्यास की ओर दिग्विजय सिंह, दशहरे से शुरु करेंगे उज्जैन से अयोध्या तक की यात्रा
अब सिर्फ धर्म की रक्षा करूंगा : दिग्विजय सिंह
भोपाल। मध्यप्रदेश कांग्रेस में क्या सब कुछ ठीक नहीं है? उज्जैन में वीर भारत न्यास को जमीन आवंटन विवाद मामले पर अपनी ही पार्टी पर सवाल उठाने वाले प्रदेश अध्यक्ष सवाल उठाने वाले दिग्विजय सिंह क्या अब राजनीति से संन्यास लेने जा रहे है? क्या दिग्विजय सिंह अब कांग्रेस में मार्गदर्शन की भूमिका रहेंगे? यह कुछ ऐसे सवाल है जो इन दिनों मध्यप्रदेश के सियासी गलियारों में बेहद चर्चा के केंद्र में है।
दरअसल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने सक्रिय चुनावी राजनीति से धीरे-धीरे दूरी बनाने के स्पष्ट संकेत दिए हैं। मंगलवार को मीडिया से बात करते हुए दिग्विजय सिंह ने कहा कि उन्होंने कहा कि अब उनका पूरा ध्यान धर्म-कर्म और अध्यात्म की ओर रहेगा।
अब मेरी कोई व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा नहीं- मीडिया से बात करते हुए दिग्विजय सिंह ने अपने लंबे राजनीतिक जीवन का जिक्र करते हुए दिग्विजय सिंह ने कहा कि वह अब 80 वर्ष के हो चुके हैं और कांग्रेस ने उन्हें हर बड़ा अवसर दिया है। उन्होंने कहा कि मैं सांसद रहा, विधायक रहा और मध्यप्रदेश का मुख्यमंत्री भी रहा। पार्टी ने मुझे सब कुछ दिया है। अब मेरी कोई व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा नहीं बची है। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि राज्यसभा चुनाव के दौरान उन्होंने स्वयं पार्टी नेतृत्व से कहा था कि उनकी जगह अब किसी नए चेहरे को अवसर दिया जाए।
दशहरे से शुरू होगी धार्मिक यात्रा-दिग्विजय सिंह ने उज्जैन से अयोध्या तक होने वाले यात्रा के बारे में कहा कि पहले यह यात्रा 2 अक्टूबर से शुरू होने वाली थी, लेकिन अब इसे दशहरा पर शुरु करने का फैसला किया गया है।दिग्विजय सिंह ने कहा कि उनकी प्रस्तावित यात्रा में किसी भी राजनीतिक दल का कोई स्थान नहीं होगा। यात्रा का उद्देश्य केवल धार्मिक और सामाजिक समरसता का संदेश देना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यात्रा में कांग्रेस या किसी अन्य राजनीतिक दल का झंडा नहीं रहेगा। इसके बजाय विभिन्न धर्मों के प्रतीक झंडे शामिल किए जाएंगे, जो सर्वधर्म समभाव का संदेश देंगे। उन्होंने कहा कि यात्रा के दौरान वह न तो कोई राजनीतिक भाषण देंगे और न ही धार्मिक प्रवचन करेंगे। इसके अलावा सोशल मीडिया पर भी इस यात्रा का कोई प्रचार-प्रसार नहीं किया जाएगा।
कारसेवक संतोष दुबे होंगे मुख्य अतिथि- दिग्विजय सिंह की यात्रा की खास बात यात्रा में शामिल होने वाले मुख्य अतिथि का है। दिग्विजय सिंह ने घोषणा की कि अयोध्या आंदोलन के दौरान गोली लगने वाले कारसेवक संतोष दुबे यात्रा के मुख्य अतिथि होंगे। दिग्वजिय सिंह ने कहा कि संतोष दुबे कारसेवक है और उन्हें 4 गोलियां लगी थी। गौरतलब है कि दिग्विजय सिंह ने राममंदिर में चोरी की घटना के विरोध में पहले 2 अक्टूबर से यात्रा निकालने का एलान किया था।
