लोढ़ा समिति की सिफारिशों पर बीसीसीआई करेगा फैसला : गांगुली
Publish Date: Tue, 2 Aug 2016 (17:49 IST)
Updated Date: Tue, 2 Aug 2016 (17:52 IST)
इंदौर। देश के क्रिकेट क्षेत्र में पारदर्शिता और सुधार के लिए सुप्रीम कोर्ट से नियुक्त न्यायमूर्ति (सेवानिवत्त) आरएम लोढ़ा समिति की सिफारिशों पर बंगाल क्रिकेट संघ (कैब) के अध्यक्ष और भारतीय टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने व्यक्तिगत राय जाहिर करने से इंकार कर दिया और कहा कि इन अनुशंसाओं पर बीसीसीआई फैसला करेगा।
गांगुली ने मध्यप्रदेश क्रिकेट संगठन (एमपीसीए) के वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह में शामिल होने के बाद सोमवार देर रात संवाददाताओं से कहा, लोढ़ा समिति की सिफारिशों पर बीसीसीआई फैसला करेगा और हम उसी हिसाब से चलेंगे। हमें थोड़ा समय दीजिये, क्योंकि इस मसले को सुलझाने में थोड़ा समय लगेगा। देखते हैं कि आगे क्या होता है।
जब उनसे पूछा गया कि मौजूदा क्रिकेट प्रशासक और पूर्व क्रिकेटर के तौर पर लोढ़ा समिति की सिफारिशों पर उनकी क्या राय है, तो उन्होंने कहा, इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने फैसला दिया है, इसलिये इस सिलसिले में मेरी सार्वजनिक टिप्पणी उचित नहीं होगी।
गांगुली ने वेस्टइंडीज के खिलाफ जारी टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम के शानदार प्रदर्शन की तारीफ की। इसके साथ ही, कहा कि वेस्टइंडीज अब वैसी टीम नहीं रह गयी है, जैसी वह एक जमाने में हुआ करती थी। पूर्व भारतीय कप्तान ने एक सवाल पर कहा, विराट कोहली बड़े खिलाड़ी हैं। वह लम्बे वक्त तक भारतीय क्रिकेट की सेवा करेंगे। वह दुनिया के सर्वकालिक महान खिलाड़ी बनेंगे।
इससे पहले, गांगुली ने पूर्व होलकर टीम के खिलाड़ी 91 वर्षीय रामेश्वर प्रताप सिंह को सीटी सरवटे लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया। उन्होंने इंदौर के 78 वर्षीय मशहूर क्रिकेट लेखक प्रोफेसर सूर्यप्रकाश चतुर्वेदी को माधवराव सिंधिया लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से नवाजा।
गांगुली ने एमपीसीए के जिन युवा क्रिकेटरों को अलग-अलग उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया, उनमें नमन ओझा, आवेश खान, राहुल बाथम और रजत पाटीदार शामिल हैं। पुरस्कार वितरण समारोह में एमपीसीए के चेयरमैन ज्योतिरादित्य सिंधिया और इस संगठन के अध्यक्ष संजय जगदाले भी मौजूद थे।