1. समाचार
  2. मुख्य ख़बरें
  3. अंतरराष्ट्रीय
  4. Donald Trump vows to free strait of hormuz india iran oil deal
Last Modified: वाशिंगटन/तेहरान , रविवार, 15 मार्च 2026 (08:37 IST)

Iran-US-Israel War : मिडिल ईस्ट में महायुद्ध के बीच Donald Trump का बड़ा ऐलान, Strait of Hormuz को कराएंगे मुक्त, भारत को मिली बड़ी राहत

ट्रंप ने ठुकराया युद्धविराम का प्रस्ताव

Donald Trump Strait of Hormuz
मध्य पूर्व (Middle East) में जारी तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सामरिक रूप से महत्वपूर्ण 'हॉर्मुज जलडमरूमध्य' (Strait of Hormuz) को मुक्त कराने का संकल्प लिया है। ट्रंप ने विभिन्न देशों से इस तेल मार्ग को खोलने के लिए अपने युद्धपोत क्षेत्र में भेजने का आह्वान किया है। दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा है कि ईरान अपने दुश्मनों या उनके सहयोगियों के किसी भी जहाज को इस जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति नहीं देगा।

भारत के लिए बड़ी कूटनीतिक जीत

दुनिया भर में गहराते तेल और गैस संकट के बीच भारत के लिए राहत भरी खबर आई है। भारत और ईरान के बीच हुए समझौते के बाद, भारतीय जहाजों को इस मार्ग से गुजरने की अनुमति मिल गई है। रिपोर्ट के मुताबिक, दो भारतीय जहाज सफलतापूर्वक हॉर्मुज जलडमरूमध्य को पार कर चुके हैं।
 

अमेरिका ने रूसी तेल की बिक्री को दी अस्थायी छूट

ईरान पर अमेरिका-इजरायल के हमलों के बाद ऊर्जा की बढ़ती कीमतों को देखते हुए, अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने समुद्र में फंसे रूसी तेल की बिक्री की अस्थायी अनुमति दे दी है। 12 मार्च को जारी एक लाइसेंस के तहत, 11 अप्रैल तक उन रूसी पेट्रोलियम उत्पादों की डिलीवरी और बिक्री की जा सकेगी जो 12 मार्च से पहले जहाजों पर लोड हो चुके थे। विशेषज्ञ इसे यूक्रेन युद्ध के कारण रूस पर लगाए गए आर्थिक प्रतिबंधों में एक रणनीतिक ढील के रूप में देख रहे हैं। पिछले हफ्ते भी वाशिंगटन ने समुद्र में फंसे रूसी तेल को भारत को बेचने की अनुमति दी थी।

कच्चे तेल की कीमतों में उछाल: 100 डॉलर के पार

शुक्रवार (13 मार्च) को एशियाई बाजारों में ब्रेंट क्रूड की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गईं। ईरान द्वारा मध्य पूर्व के तेल संसाधनों पर हमले की धमकी और हॉर्मुज जलडमरूमध्य को बंद रखने के ऐलान के बाद वैश्विक शेयर बाजारों में भी गिरावट दर्ज की गई है।
Donald Trump

ट्रंप ने ठुकराया युद्धविराम का प्रस्ताव

सूत्रों के अनुसार, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मध्य पूर्व के सहयोगियों द्वारा युद्धविराम और राजनयिक बातचीत शुरू करने के प्रयासों को खारिज कर दिया है। व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने पुष्टि की है कि ट्रंप प्रशासन फिलहाल तेहरान की सैन्य क्षमताओं को और कमजोर करने के लिए युद्ध को जारी रखने पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।  ईरान ने भी स्पष्ट कर दिया है कि जब तक अमेरिका और इजरायल के हमले बंद नहीं होते, तब तक किसी भी युद्धविराम पर चर्चा संभव नहीं है। Edited by : Sudhir Sharma
ये भी पढ़ें
Gujarat Cyber Crime Alert : गुजरात के 9 जिलों के SP को मिली बड़ी पावर, अब साइबर ठगों की खैर नहीं, देखें पूरी लिस्ट