1. समाचार
  2. मुख्य ख़बरें
  3. उत्तर प्रदेश
  4. parishadiya-schools-mega-vaccination-drive-yogi-govt

परिषदीय स्कूलों के बच्चों के लिए अगस्त में दो बड़े टीकाकरण अभियान चलाएगी योगी सरकार

स्कूल आधारित रणनीति से डिप्थीरिया, टिटनेस, काली खांसी, खसरा और रूबेला जैसी बीमारियों पर प्रभावी नियंत्रण की तैयारी

UP Basic Schools Vaccination
UP Basic Schools Vaccination: योगी सरकार परिषदीय विद्यालयों को बच्चों के स्वास्थ्य संरक्षण का भी सशक्त माध्यम बना रही है। अगस्त माह में विद्यालयों के माध्यम से दो विशेष टीकाकरण अभियान संचालित किए जाएंगे, जिससे बच्चों को गंभीर संक्रामक बीमारियों के विरुद्ध दोहरा सुरक्षा कवच उपलब्ध कराया जा सके।

पहले चरण में 3 से 7 अगस्त तक टीडी/टीडीएपी (टिटनेस, डिप्थीरिया एवं काली खांसी) तथा दूसरे चरण में 18 से 28 अगस्त तक एमआर (मीजल्स-रूबेला) टीकाकरण अभियान संचालित होगा। अभियान के माध्यम से प्रदेश के सभी 75 जनपदों में परिषदीय विद्यालयों, सहायता प्राप्त विद्यालयों, मदरसों तथा आंगनबाड़ी केंद्रों में अध्ययनरत पात्र बच्चों का टीकाकरण किया जाएगा। महानिदेशक, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक मोनिका रानी ने सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को अभियान के प्रभावी संचालन के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
 
निर्देशों के अनुसार प्रत्येक जनपद में स्वास्थ्य एवं शिक्षा विभाग संयुक्त रूप से विस्तृत कार्य-योजना तैयार करेंगे। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी तथा जिला विद्यालय निरीक्षक परस्पर समन्वय स्थापित करते हुए विद्यालयवार माइक्रोप्लान तैयार कराएंगे। उद्देश्य यह है कि कोई भी पात्र बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे और अभियान समयबद्ध ढंग से पूरा हो। महानिदेशक, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक मोनिका रानी ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि अभियान की प्रत्येक गतिविधि समयबद्ध ढंग से पूर्ण कराएं। इसका उद्देश्य परिषदीय विद्यालयों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ बच्चों के स्वास्थ्य संरक्षण का भी मजबूत केंद्र बनाना है, ताकि प्रत्येक पात्र बच्चे को गंभीर संक्रामक बीमारियों से समय पर सुरक्षा मिल सके।

डिप्थीरिया, टिटनेस और काली खांसी से बचाव के लिए पहला चरण

3, 4, 6 और 7 अगस्त को आयोजित होने वाले टीडी/टीडीएपी अभियान के अंतर्गत विद्यालयों में अध्ययनरत 5 से 6 वर्ष (संभावित कक्षा-1), 10 वर्ष (संभावित कक्षा-5) तथा 16 वर्ष (संभावित कक्षा-10 एवं 11) आयु वर्ग के बच्चों को आयु के अनुरूप टीडीएपी-2, टीडी-10 तथा टीडी-16 की अतिरिक्त खुराक दी जाएगी। प्रत्येक टीकाकरण सत्र में 50 से 75 बच्चों को आच्छादित करने का लक्ष्य रखा गया है। अभियान से पूर्व राज्य, जिला एवं ब्लॉक स्तर पर प्रशिक्षण, समन्वय बैठकें तथा विद्यालयवार तैयारी पूरी की जाएगी।

खसरा और रूबेला पर दूसरे चरण में होगा व्यापक प्रहार

पहले चरण के बाद 18 से 28 अगस्त तक एमआर (मीजल्स-रूबेला) अभियान संचालित होगा। अभियान के अंतर्गत प्रदेश के सभी 75 जनपदों में 5 से 10 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को एमआर वैक्सीन की अतिरिक्त खुराक दी जाएगी। प्रत्येक विद्यालय में प्रतिदिन 100 से 125 बच्चों के टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इससे खसरा और रूबेला जैसी बीमारियों की रोकथाम को और मजबूती मिलेगी।

विद्यालय स्तर पर होगी व्यापक तैयारी

दोनों अभियानों के अंतर्गत प्रत्येक विद्यालय में नोडल शिक्षक नामित किया जाएगा। विद्यालयवार माइक्रोप्लान तैयार होंगे, जबकि आशा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं शिक्षकों के सहयोग से पात्र बच्चों की सूची तैयार की जाएगी। अभिभावकों को जागरूक करने के लिए प्रार्थना सभा, अभिभावक-शिक्षक बैठकें तथा जनजागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी, जिससे अधिकाधिक बच्चों का टीकाकरण सुनिश्चित किया जा सके।

डिजिटल मॉनिटरिंग से होगी सतत समीक्षा

अभियानों की प्रगति की निगरानी राज्य एवं जिला स्तर पर नियमित रूप से की जाएगी। सभी गतिविधियों की सूचना निर्धारित पोर्टलों पर अपलोड की जाएगी तथा प्रतिदिन समीक्षा कर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित होगी। अभियान की गुणवत्ता, टीकाकरण की प्रगति तथा छूटे हुए बच्चों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
 
अगला लेख
अभिजीत दीपके का कंगना पर तीखा तंज, उन्हें गंभीरता से लेता ही कौन है?