Aaj ka sher, Rana | ...लेकिन शीशा टूट गया
देख शिकारी तेरे कारण एक परिंदा टूट गया,
पत्थर का तो कुछ नहीं बिगड़ा लेकिन शीशा टूट गया - मुनव्वर राना
पत्थर का तो कुछ नहीं बिगड़ा लेकिन शीशा टूट गया - मुनव्वर राना
