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Last Modified: नई दिल्ली/तेहरान , मंगलवार, 3 मार्च 2026 (11:35 IST)

ईरान-अमेरिका तनाव से कच्चे तेल में आग, ब्रेंट 80 डॉलर पार, क्या होगा भारत पर असर?

crude oil
Crude Oil Surges Amid Iran-US Tensions : ईरान के अमेरिका और इजराइल से युद्ध की वजह से मिडिल ईस्ट में हालात तनावपूर्ण हो गए। ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों पर शिकंजा कस दिया है। इस वजह से तेल आपूर्ति बुरी तरह प्रभावित हुई है। ऐसे में लगातार तीसरे दिन अंतरराष्‍ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दामों में आग लग गई। आज भी क्रूड ऑइल 2 फीसदी महंगा हुआ है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि इस संकट का भारत पर क्या असर होगा? ALSO READ: होर्मुज़ संकट: दुनिया का सबसे अहम तेल मार्ग बंद, भारत की बढ़ी टेंशन!
 
मंगलवार को अंतरराष्‍ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड के दाम 80.38 डॉलर प्रति बैरल और WTI क्रूड के दाम 73.28 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गए। ब्रेंट क्रूड की कीमत 120 डॉलर प्रति बैरल तक जा सकती है। फारस की खाड़ी को वैश्विक बाजारों से जोड़ने वाला ये रास्ता बंद होने से कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल आने की आशंका है।
 
सोमवार को एक समय यह अनुबंध 82.37 डॉलर प्रति बैरल तक चढ़ गया था, जो जनवरी 2025 के बाद का उच्चतम स्तर है। विशेषज्ञों का कहना है कि ईरान अमेरिका में तनाव जितना लंबा चलेगा। इसकी कीमतों में और तेजी का जोखिम उतना बढ़ेगा।

क्या है ईरान की चेतावनी

ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स  के कमांडर-इन-चीफ के वरिष्ठ सलाहकार ब्रिगेडियर जनरल सरदार इब्राहिम जबारी के हवाले से ईरानी मीडिया ने कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (जलडमरूमध्य) को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। यहां से गुजरने वाले किसी भी जहाज को आग के हवाले कर दिया जाएगा।

क्या है स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का महत्व

दुनिया के लगभग 20 फीसदी तेल की सप्लाय इसी रास्ते से होती है। यहां से सऊदी अरब, कुवैत, इराक, कतर, बहरीन और यूएई का तेल और गैस अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचता है। युद्ध की वजह से 200 से ज्यादा जहाज खाड़ी और आसपास लंगर डाले हुए हैं।

कैसी है भारत की तैयारी

मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल के बावजूद, भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम तुरंत नहीं बढ़ेंगे। पेट्रोलियम मंत्रालय आपूर्ति स्थिति पर लगातार नजर रख रहा है। सरकारी तेल कंपनियों ने भी पुराने नुकसान की भरपाई कर ली है। ऐसे में देश में तत्काल पेट्रोल डीजल के दाम बढ़ने की संभावना नहीं है।
edited by : Nrapendra Gupta
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