छुट्टियों के बावजूद खुला स्कूल, अचानक आया पानी, पंजाब में बाढ़ में 400 बच्चे फंसे
पंजाब सरकार द्वारा राज्य भर के स्कूलों में 30 अगस्त तक छुट्टियों का ऐलान किया गया है, लेकिन इसके बावजूद विधानसभा हलका दीनानगर के अंतर्गत आने वाले सरहदी गांव दबूड़ी स्थित नवोदय विद्यालय स्कूल खुला था, जिसमें अचानक पानी आने से करीब 400 छात्र और स्टाफ सदस्य फंस गए है।
स्कूल प्रबंधकों ने जिला प्रशासन के आदेश पर सभी छात्रों को होस्टल की प्रथम मंजिल पर चले जाने का आदेश दिया है। इस संबंध में स्कूल प्रिंसिपल नरेश कुमार से टेलीफोन पर बात की तो उन्होने बताया कि परिसर में करीब 400 विद्यार्थी हैं और मैं भी स्टाफ सदस्यों के साथ स्कूल में मौजूद हूं। उन्होंने बताया कि स्कूल के ग्राऊंड फलोर में पानी भर जाने के कारण सभी छात्रों व स्टाफ को होस्टल बिल्डिंग की प्रथम मंजिल पर ले जाया गया है और जहां विद्यार्थी व स्टाफ पूरी तरह सुरक्षित हैं।1. 85 villages in Sialkot district cut off
— . (@DDRNewDelhi) August 27, 2025
2. Flood Situation in Pakpattan
3. Flood waters inside Dera Sahib Kartarpur
3. Extreme Flood Alert in Punjab, Pakistan pic.twitter.com/rqpmzJriOx
वहीं दूसरी और स्कूल में शिक्षा ग्रहण करने वाले छात्रों के अभिभाविकों को जब स्कूल में पानी भरे जाने का समाचार मिला तो वह भी स्कूल के बाहर आ पंहुचे। उन्होने कहा कि हम अपने बच्चों के लिए चिन्तित है तथा बाढ़ की स्थिति बने रहने तक हम बच्चों को अपने साथ ले जाने के लिए आए है। उन्होने कहा कि हम भी स्कूल परिसर में नही जा पा रहे हैं।
बता दें कि पंजाब में लगातार बरसात और बांधों से लगातार पानी छोड़े जाने से हालात बिगड़ने लगे हैं। सड़कें बह जाने की वजह से कई गांवों का संपर्क कट चुका है। घरों को नुकसान पहुंचा है। लोग जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों पर पहुंच रहे हैं। वहीं लोगों को जान माल की चिंता सता रही है। हजारों एकड़ भूमि, फसलें, नदियों के किनारे बसे गांव डूब चुके हैं।
गुरदासपुर के बुगना, गहलरी, नौशहरा, बाऊपुर, मंसूरा आदि गांवों में घरों में छह-छह फुट तक पानी भर गया है। लोग घरों की छतों पर फंसे हैं। बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित जिलों में पठानकोट, होशियारपुर, गुरदासपुर, कपूरथला, तरनतारन, फाजिल्का और फिरोजपुर शामिल हैं। तरनतारन और अमृतसर में भी हालात खराब होते जा रहे हैं। बीते 24 घंटे में पौंग बांध और रणजीत सागर बांध का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया। हालात बेकाबू होते देख पंजाब पुलिस के साथ सेना, सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ), राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) राहत एवं बचाव कार्य में जुट गई हैं। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए हेलीकॉप्टर का भी सहारा लिया गया है।
Edited By: Navin Rangiyal

