सम्बंधित जानकारी
- नजरिया : यह टास्क फोर्स है शिवराज का आपातकालीन मंत्रिमंडल
- मध्यप्रदेश में 3 मई तक जारी रहेगा लॉकडाउन, बोले सीएम शिवराज, केंद्र की गाइडलाइन के बाद तय होगी रणनीति
- मध्यप्रदेश में Corona को हराएंगे BJP के स्पेशल-11, टीम में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भी शामिल
- Lockdown में 130 किमी चलाई साइकल, पत्नी को ले गया अस्पताल
- इंदौर में 2 और मरीज Corona की महामारी को हराकर घर लौटे, पॉजिटिव मरीजों की संख्या 362
कोरोना के हॉटस्पॉट बने इंदौर में अस्पताल के चक्कर लगाते लगाते एक्टिवा पर तोड़ा दम
इंदौर। मध्यप्रदेश मे कोरोना के हॉटस्पॉट बने इंदौर में स्वास्थ्य सेवाएं अब वेंटीलेटर पर पहुंच गई है। प्रशासन भले ही सिस्टम के पूरी तरह पटरी पर होने का लाख दावा करे लेकिन मंगलवार जो तस्वीर सामने आई वह यह बताने के लिए काफी है कि अब सूबे के इस सबसे बड़े शहर में स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह से पटरी से उतर गई है।
मंगलवार को इंदौर से इंसानियत को शर्मसार कर देने वाले तस्वीर सामने आई जिसमें एक बीमार शख्स ने इलाज के अभाव में एक्टिवा (स्कूटर) पर बैठे बैठे दम तोड़ दिया। शहर कमला नेहरू नगर में रहने वाले पांडुरंगा की तबियत अचानक से बिगड़ गई, परजिनों ने मदद के लिए कई अस्पतालों में गुहार लगाई लेकिन उनको न तो एबुलेंस मिल पाई और न ही कोई मदद।
थक हारकर परिजन एक्टिवा से लेकर बीमार को क्लॉथ मार्केट के निजी हॉस्पिटल पहुंचे लेकिन कोरोना संक्रमण के डर के चलते अस्पताल ने उनको एमवाय रेफर कर दिया। इसके बाद परिजन उन्हें एक्टिवा पर बैठाकर एमवाय अस्पताल पहुंचे लेकिन यहां पर भी उनको कोई इलाज नहीं मिला और अखिरकार एक्टिवा पर ही बीमार ने दम तोड़ दिया।
मृतक के रिश्तेदार ने वेबदुनिया से बातचीत में बताया कि पांडुरंगा पिछले 7-8 दिन सर्दी और बुखार से पीड़ित थे और वह तीन–चार दिन पहले इलाज के लिए अस्पताल पहुंचे थे जहां पर डॉक्टरों ने उनको दवा देकर घर भेज दिया था लेकिन आज सुबह उनके सीने में तेज दर्द हुआ और उसके बाद इलाज के अभाव में उनकी मौत हो गई।
वहीं इस पूरे मामले के सामने आने के बाद कांग्रेस शिवराज सरकार पर हमलावर हो गई है। इंदौर के स्थानीय विधायक और कांग्रेस मीडिया सेल के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने इसको लेकर सरकार पर हमला बोला है।
