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सिर्फ माही की फुर्ती से कुछ नहीं होगा चेन्नई का, जीतने के लिए करने होंगे जतन
वनडे विश्वकप की गत विजेता इंग्लैंड की महिला टीम पहले 3 मैच हारकर टूर्नामेंट से बाहर होने की कगार पर खड़ी थी लेकिन अगले ही मैच में उसने टीम इंडिया को हराया। इसके बाद लगातार मैच जीतने के बाद सेमीफाइनल और फिर फाइनल का सफर तय किया भले ही फाइनल में वह ऑस्ट्रेलिया से 71 रनों से हार गई लेकिन फाइनल तक पहुंचना ही इंग्लैंड के लिए बड़ी बात रही।
कुछ ऐसा ही उलटफेर अब चेन्नई सुपर किंग्स को करने की जरुरत है। आईपीएल की गत विजेता चेन्नई अपने आईपीएल 2022 के पहले 3 मैच हारकर प्वाइंट्स टेबल में नीचे सुशोभित है। चेन्नई को अब आने वाले मैचों में बेहतरीन प्रदर्शन करना होगा ताकि उसकी प्लेऑफ की उम्मीदें कायम रह सकें।
महेंद्र सिंह धोनी पहले मैच से शानदार फॉर्म में दिख रहे थे लेकिन कल उनका बल्ला खासा धीमा रहा। वह 28 गेंदो में सिर्फ 23 रन बना पाए। हालांकि विकेट के पीछे वह काफी फुर्तीले दिखे थे और उन्होंने एक बेहतरीन रन आउट किया। सोशल मीडिया पर इस रन आउट को माही के उस रन आउट से तुलना की जा रही है जो उन्होंने विश्वकप 2016 में बांगलादेश के खिलाफ अंतिम गेंद पर किया था।
इसके बाद पंजाब ने 180 रनों का बड़ा स्कोर बनाया लेकिन मैच से चेन्नई बाहर नहीं हुई थी क्योंकि चेन्नई को बाद में बल्लेबाजी करनी थी और ओस के कारण बल्लेबाजी आसान हो सकती थी। लेकिन यहां एक बार फिर किस्मत ने चेन्नई के साथ धोखा किया।
रविवार को हुए मुकाबले में ओस का नाम ओ निशान नहीं था। यही कारण रहा कि जैसे जैसे चेन्नई के बल्लेबाज सेट होते जा रहे थे वैसे ही वह किसी गेंद पर अपना विकेट गंवा देते थे। इस कारण नतीजा यह हुआ कि 180 के स्कोर के जवाब में चेन्नई की पूरी टीम 126 पर सिमट गई।
54 रनों से हार का मतलब यह है कि चेन्नई की रन रेट भी अच्छी खासी गिर गई है। पहले 2 मैचों में तो उसके गेंदबाजों ने निराश किया था। चाहें वह एडम मिल्ने हों या फिर तुषार देशपांडे या फिर मुकेश चौधरी। लेकिन कल तो बल्लेबाजों ने भी चेन्नई के फैंस को निराश कर दिया।
ऋतुराज गायकवाड़ हो रहे हैं लगातार फ्लॉप
ऋतुराज गायकवाड़ के लिए तो यह सीजन एक बुरे सपने जैसा रहा है। पहले ही मैच के पहले ओवर में वह बिना खाता खोले आउट हो गए थे। इसके बाद लखनऊ और फिर पंजाब के खिलाफ वह बस 1 रन बना पाए हैं। कुल 3 मैचों में वह 2 रन बना सके हैं। उनके फॉर्म के कारण चेन्नई को अच्छी शुरुआत नहीं मिल पा रही है। पिछले सत्र में तो वह ऑरेंज कैप होल्डर थे।
दीपक चाहर की कमी खल रही है चेन्नई को
14 करोड़ में खरीदे गए गेंदबाज दीपक चाहर राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी में है। वेस्टइंडीज से हुई सीरीज के दौरान उनके जांघो के बीच में चोट लग गई थी जिसमें कई सप्ताह लगने थे। ऐसी खबर थी कि वह चेन्नई के लिए सिर्फ दूसरे भाग का आईपीएल ही खेल पाएंगे।
हालांकि अभी जो चेन्नई की स्थिति दिख रही है उस हिसाब से हो सकता है जब दीपक चाहर चेन्नई से जुड़े तब तक काफी देर हो जाएगा।
पॉवरप्ले में विकेट गंवाने के बाद वापसी करना मुश्किल था: जडेजा
पंजाब किंग्स से मिली 54 रन की हार के बाद चेन्नई सुपरतकिंग्स के कप्तान रवींद्र जडेजा ने कहा कि पॉवरप्ले में ज्यादा विकेट गंवाने के बाद वापसी करना मुश्किल था।
पंजाब किंग्स ने 20 ओवरों में आठ विकेट पर 180 रन बनाये और चेन्नई को 18 ओवर में 126 रन पर ढेर कर दिया। जडेजा ने मैच के बाद कहा,'': हमने पावरप्ले में ही विकेट गंवा दिए जिस वजह से गेम में वापसी करना काफ़ी मुश्किल हो गया। लेकिन हम अगले मैचों में ज्यादा मज़बूती के साथ वापसी करेंगे। हमें ऋतुराज का आत्मविश्वास बढ़ाना होगा। शिवम दुबे ने अपनी बल्लेबाज़ी से प्रभावित किया है।''
कुछ ऐसा ही उलटफेर अब चेन्नई सुपर किंग्स को करने की जरुरत है। आईपीएल की गत विजेता चेन्नई अपने आईपीएल 2022 के पहले 3 मैच हारकर प्वाइंट्स टेबल में नीचे सुशोभित है। चेन्नई को अब आने वाले मैचों में बेहतरीन प्रदर्शन करना होगा ताकि उसकी प्लेऑफ की उम्मीदें कायम रह सकें।
महेंद्र सिंह धोनी पहले मैच से शानदार फॉर्म में दिख रहे थे लेकिन कल उनका बल्ला खासा धीमा रहा। वह 28 गेंदो में सिर्फ 23 रन बना पाए। हालांकि विकेट के पीछे वह काफी फुर्तीले दिखे थे और उन्होंने एक बेहतरीन रन आउट किया। सोशल मीडिया पर इस रन आउट को माही के उस रन आउट से तुलना की जा रही है जो उन्होंने विश्वकप 2016 में बांगलादेश के खिलाफ अंतिम गेंद पर किया था।
हालांकि अगर चेन्नई को लगता है कि महेंद्र सिंह धोनी के इस फुर्तीले रनाआउट से ही वह आगे मैच जीत जाएंगे तो यह काफी गलत होगा। पहले 2 मैचों में तो चेन्नई की किस्मत रूठी हुई थी। जड़ेजा टॉस ही नहीं जीत पा रहे थे। लेकिन रविवार को आखिरकार जडेजा ने टॉस जीता।This run out from @msdhoni @ChennaiIPL #ChennaiSuperKings #MSDhoni #Dhoni #CSK #WhistlePodu #CSKvPBKS pic.twitter.com/7CpmXh8xlL
— (@Viru_0007) April 4, 2022
रविवार को हुए मुकाबले में ओस का नाम ओ निशान नहीं था। यही कारण रहा कि जैसे जैसे चेन्नई के बल्लेबाज सेट होते जा रहे थे वैसे ही वह किसी गेंद पर अपना विकेट गंवा देते थे। इस कारण नतीजा यह हुआ कि 180 के स्कोर के जवाब में चेन्नई की पूरी टीम 126 पर सिमट गई।
54 रनों से हार का मतलब यह है कि चेन्नई की रन रेट भी अच्छी खासी गिर गई है। पहले 2 मैचों में तो उसके गेंदबाजों ने निराश किया था। चाहें वह एडम मिल्ने हों या फिर तुषार देशपांडे या फिर मुकेश चौधरी। लेकिन कल तो बल्लेबाजों ने भी चेन्नई के फैंस को निराश कर दिया।
ऋतुराज गायकवाड़ हो रहे हैं लगातार फ्लॉप
ऋतुराज गायकवाड़ के लिए तो यह सीजन एक बुरे सपने जैसा रहा है। पहले ही मैच के पहले ओवर में वह बिना खाता खोले आउट हो गए थे। इसके बाद लखनऊ और फिर पंजाब के खिलाफ वह बस 1 रन बना पाए हैं। कुल 3 मैचों में वह 2 रन बना सके हैं। उनके फॉर्म के कारण चेन्नई को अच्छी शुरुआत नहीं मिल पा रही है। पिछले सत्र में तो वह ऑरेंज कैप होल्डर थे।
दीपक चाहर की कमी खल रही है चेन्नई को
14 करोड़ में खरीदे गए गेंदबाज दीपक चाहर राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी में है। वेस्टइंडीज से हुई सीरीज के दौरान उनके जांघो के बीच में चोट लग गई थी जिसमें कई सप्ताह लगने थे। ऐसी खबर थी कि वह चेन्नई के लिए सिर्फ दूसरे भाग का आईपीएल ही खेल पाएंगे।
हालांकि अभी जो चेन्नई की स्थिति दिख रही है उस हिसाब से हो सकता है जब दीपक चाहर चेन्नई से जुड़े तब तक काफी देर हो जाएगा।
पॉवरप्ले में विकेट गंवाने के बाद वापसी करना मुश्किल था: जडेजा
पंजाब किंग्स से मिली 54 रन की हार के बाद चेन्नई सुपरतकिंग्स के कप्तान रवींद्र जडेजा ने कहा कि पॉवरप्ले में ज्यादा विकेट गंवाने के बाद वापसी करना मुश्किल था।