भारतीय सेना : करें देश सेवा
भारतीय सेना में शामिल होकर देश की सेवा करने का मौका हर किसी को नसीब नहीं होता। यह अवसर केवल उन्हें मिलता है जिनमें जोश और जुनून के साथ मजबूत इच्छाशक्ति हो और जो इन सेवाओं की प्रवेश परीक्षाओं में सफलता पाने की योग्यता रखता हो। भारतीय सेना के विभिन्न स्कंधों यथा थल सेना, वायु सेना व नौ सेना में प्रवेश दो स्तरों पर हो सकता है एक सेंकडरी स्तर पर व दूसरा स्तातक स्तर पर। सेकंडरी स्तर पर प्रवेश राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) व नौसेना अकादमी परीक्षा के द्वारा तथा स्नातक स्तर पर प्रवेश सम्मिलित रक्षा सेवा परीक्षा (सीडीएस) के माध्यम से किया जा सकता है। दोनों परीक्षाएँ प्रतिवर्ष साल में दो बार संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित करवाई जाती है जिसका विस्तृत विवरण रोजगार समाचार में प्रकाशित किया जाता है। सेना में प्रवेश की चाहत रखने वाले अधिकांश नवयुवकों को इन परीक्षाओं के बारे में जानकारी रहती है बावजूद इसके हजारों ऐसे नौजवान हैं जो इसकी जानकारी नहीं रखते इन युवाओं के लिए अवसर के माध्यम से एनडीए परीक्षा की संक्षिप्त जानकारी यहाँ प्रकाशित की जा रही है, जो इन ऐसे युवाओं का मार्गदर्शन अवश्य करेगी जो सेना में जाने की कोशिशों में जुटे हैं।संघ लोक सेवा आयोग द्वारा राष्ट्रीय रक्षा अकादमी तथा नौसेना अकादमी परीक्षा (1) 2009 का विस्तृत विज्ञापन जारी कर दिया गया है। इसके अनुसार आयोग राष्ट्रीय रक्षा अकादमी के थल सेना, नौसेना और वायु सेना स्कंधों के लिए 30 दिसंबर 2009 से शुरू होने वाले 123वें पाठ्यक्रम हेतु और नौसेना अकादमी के 43वें पाठ्यक्रम (कार्यपालक शाखा) में प्रवेश के लिए 19 अप्रैल 2009 को एक परीक्षा आयोजित करेगा। परीक्षा के परिणाम के आधार भरी जाने वाली रिक्तियों की संख्या लगभग 335 होगी जिसमें थल सेना के लिए 195, नौ सेना के लिए 39, वायु सेना के लिए 66 और नौसेना अकादमी की कार्यपालक शाखा के लिए यह संख्या 35 होगी। रिक्तियाँ अनंतिम हैं तथा राष्ट्रीय रक्षा अकादमी कोर्स की प्रशिक्षण क्षमतानुसार इसमें परिवर्तन किया जा सकता है। आयोग द्वारा आयोजित लिखित परीक्षा तथा उसके बाद सेवा चयन बोर्ड द्वारा लिखित परीक्षा में योग्यता प्राप्त उम्मीदवारों के लिए आयोजित बौद्धिक और व्यक्तित्व परीक्षण के परिणाम के आधार पर उपर्युक्त कोर्स में प्रवेश दिया जाएगा।
परीक्षा केन्द्रपरीक्षा निम्नलिखित केन्द्रों पर आयोजित की जाएगी- अगरतला, अहमदाबाद, ऐजल, इलाहाबाद, बंगलौर, बरेली, भोपाल, चंडीगढ़, चेन्नई, कटक, देहरादून, दिल्ली, धारवाड़, दिसपुर, गंगटोक, हैदराबाद. इंफाल, ईटानगर, जयपुर, जम्मू, जोरहाट, कोच्चि, कोहिमा, कोलकाता, लखनऊ, मदुरै, मुंबई, नागपुर, पणजी, पटना, पोर्ट ब्लेयर, रायपुर, राँची, संबलपुर, शिलांग, शिमला, श्रीनगर, तिरुवनंतपुरम, तिरुपति, उदयपुर व विशाखापट्टनम।पात्रता की शर्तेंराष्ट्रीयता- उम्मीदवार भारत का नागरिक हो या अन्य शर्तों के लिए रोजगार समाचार में प्रकाशित विस्तृत विज्ञापन का अवलोकन करें। आयु सीमाएँ, लिंग और वैवाहिक स्थितिकेवल ऐसे अविवाहित पुरुष उम्मीदवार जिनका जन्म दो जनवरी, 1991 से पहले न हुआ हो तथा पहली जुलाई 1993 के बाद न हुआ हो, पात्र हैं। उम्मीदवार यह ध्यान रखें कि आयोग उम्मीदवार की जन्म की उसी तारीख को स्वीकार करेगा जो कि आवेदन पत्र प्रस्तुत करने की तारीख को मैट्रिकुलेशन/उच्चतर माध्यमिक परीक्षा प्रमाणपत्र या समकक्ष प्रमाणपत्र में दर्ज है।शैक्षणिक योग्यताएँ1.
राष्ट्रीय रक्षा अकादमी के थल सेना स्कंध के लिए- किसी राज्य शिक्षा बोर्ड अथवा विवि द्वारा आयोजित स्कूल शिक्षा प्रणाली दस धन दो की 12वीं कक्षा उत्तीर्ण अथवा समकक्ष।2.
राष्ट्रीय रक्षा अकादमी के वायु सेना और नौसेना स्कंधों तथा नौसेना अकादमी की कार्यपालक शाखा दस धन दो के लिए- किसी राज्य शिक्षा बोर्ड अथवा विवि द्वारा आयोजित भौतिकी और गणित सहित स्कूली शिक्षा प्रणाली दस धन दो की 12वीं कक्षा उत्तीर्ण अथवा समकक्ष। जो उम्मीदवार स्कूली शिक्षा प्रणाली दस धन दो के अधीन 12वीं कक्षा अथवा समकक्ष परीक्षा में बैठ रहे हैं, वे भी आवेदन कर सकते हैं।परीक्षा शुल्कपरीक्षा में प्रवेश चाहने वाले उम्मीदवारों को आयोग को 50 रु. के शुल्क का भुगतान केवल एक केन्द्रीय भर्ती शुल्क टिकट से करना होगा। केन्द्रीय भर्ती शुल्क टिकट ( डाक टिकटें नहीं) डाकघर से प्राप्त करें और आवेदन प्रपत्र पर इसके लिए निर्धारित स्थान पर चिपका दें। जारी करने वाले डाकघर की तारीख की मोहर सहित उस टिकट को इस तरह से रद्द किया जाए कि रद्द करने की मोहर की छाप आंशिक रूप से आवेदन प्रपत्र पर किंतु दिए गए स्थान के अंदर अपने आप आ जाए। रद्द करने वाली मोहर की छाप स्पष्ट होनी चाहिए ताकि तारीख तथा जारी करने वाले डाकघर की पहचान स्पष्ट रूप से हो सके।-
अनुसूचित जातियों/अनुसूचित जनजातियों के उम्मीदवारों को शुल्क नहीं देना होगा तथापि अन्य पिछड़ी जाति श्रेणियों के उम्मीदवारों को शुल्क में कोई छूट नहीं है तथा उन्हें निर्धारित पूर्व शुल्क का भुगतान करना होगा।
आवेदन प्रपत्रसंघ लोक सेवा आयोग ने अपनी सभी परीक्षाओं के लिए सामान्यतः एक आवेदन प्रपत्र तैयार किया है जिसे कम्प्यूटरीकृत मशीनों द्वारा जाँचा जा सकता है। आवेदन प्रपत्र के साथ सूचना विवरणिका जिसमें प्रपत्र भरने के लिए सामान्य अनुदेश, पावती कार्ड एवं आवेदन प्रपत्र भेजने के लिए एक लिफाफा शामिल है। उम्मीदवारों को आयोग द्वारा अपनी परीक्षाओं के लिए निर्धारित सामान्य आवेदन प्रपत्र में ही आवेदन करना चाहिए जिसे देशभर के निर्दिष्ट प्रधान डाकघरों/ डाकघरों से 20 रु. के नकद भुगतान पर खरीदा जा सकता है। आवेदक को आवेदन प्रपत्र के साथ पावती कार्ड पर 6 रु. का डाक टिकट लगाकर उसे संघ लोक सेवा आयोग को भेजना होगा यदि ऐसा नहीं होगा तो आवेदक को उसका पावती कार्ड प्रेषित नहीं किया जाएगा।आवेदन की अंतिम तिथिसभी आवेदन प्रपत्र दस्ती या पोस्ट/स्पीडपोस्ट या कूरियर द्वारा ''सचिव, संघ लोक सेवा आयोग, धौलपुर हाउस, शाहजहाँ रोड, नई दिल्ली को 17 नवंबर, 2008 तक या उससे पहले पहुँच जाने चाहिए। लिफाफे पर परीक्षा का नाम अर्थात ' राष्ट्रीय रक्षा अकादमी और नौसेना अकादमी परीक्षा (1) 2009' भी लिखना चाहिए।परीक्षा योजनालिखित परीक्षा के विषय, नियत समय तथा प्रत्येक विषय के अधिकतम अंक निम्नलिखित होंगे-विषय कोड अवधि अधिकतम अंकगणित 01 2-1/2घंटे 300सामान्य योग्यता 02 2-1/2घंटे 600परीक्षणकुल 900सभी विषयों के प्रश्नपत्रों में केवल वस्तुनिष्ठ प्रश्न ही होंगे। गणित और सामान्य योग्यता परीक्षण के भाग-ख के प्रश्नपत्र (परीक्षण पुस्तिकाएँ) द्विभाषी रूप हिन्दी और अँगरेजी में तैयार किए जाएँगे।परीक्षा का स्तर और पाठ्यविवरणगणितगणित के प्रश्नपत्र में बीजगणित, आव्यूह तथा सारणिक, त्रिकोणमिति, दो तथा तीन विमाओं की विश्लेषिक ज्यामिति, अवकल गणित, समाकलन गणित तथा अवकल समीकरण, सदिश बीजगणित, सांख्यिकी तथा प्रायिकता पर प्रश्न पूछे जाएँगे।सामान्य योग्यता परीक्षणक. अँगरेजी -अँगरेजी का प्रश्नपत्र इस प्रकार का होगा जिससे उम्मीदवार की अँगरेजी की समझ और शब्दों के कुशल प्रयोग का परीक्षण हो सके। पाठ्यक्रम में विभिन्ना पहलू समाहित हैं जैसे व्याकरण और प्रयोग विधि शब्दावली तथा अँगरेजी में उम्मीदवार की प्रवीणता की परख हेतु विस्तारित परिच्छेद की बोधगम्यता तथा संबद्धता।ख. सामान्य ज्ञान- सामान्य ज्ञान के प्रश्नपत्रों में मुख्य रूप से भौतिकी, रसायन शास्त्र, सामान्य विज्ञान, सामाजिक अध्ययन, भूगोल तथा सामयिक घटनाएँ आदि विषय आएँगे। इसमें उपरोक्त विषयों के अधिकतम अंकों में सामान्यतः क्रमशः 25 प्रतिशत, 15, 10, 20, 20 तथा 10 प्रतिशत अंक होंगे।
बुद्धि तथा व्यक्तित्व परीक्षण- उम्मीदवारों की बुनियादी बुद्धि की जाँच करने के लिए साक्षात्कार के अतिरिक्त मौखिक तथा लिखित बुद्धि परीक्षा ली जाएगी। उनके ग्रुप परीक्षण भी किए जाएँगे। जैसे ग्रुप परिचर्या, ग्रुप योजना, बहिरंग ग्रुप कार्यकलाप तथा उन्हें निर्दिष्ट विषयों पर संक्षिप्त व्याख्यान देने के लिए कहा जाएगा। ये सभी परीक्षण उम्मीदवारों की मेधा शक्ति की जाँच के लिए हैं। मोटे तौर पर यह परीक्षण वास्तव में न केवल उनके बौद्धिक गुणों की जाँच के लिए है अपितु इससे उसकी सामाजिक विशेषताओं तथा समसामयिक घटनाओं के प्रति दिलचस्पी का भी पता चलेगा।प्रशिक्षणतीनो सेनाओं अर्थात थल सेना, नौसेना और वायु सेना के लिए चुने गए उम्मीदवारों को 3 वर्ष के लिए शैक्षिक तथा शारीरिक दोनों प्रकार का प्रारंभिक प्रशिक्षण राष्ट्रीय रक्षा अकादमी, खड़कवासला,पुणे में दिया जाता है, जो एक सर्व सेना संस्था है। पहले ढाई वर्ष का प्रशिक्षण तीनों सेनाओं के लिए समान है। सफल होने पर कैडेटों को जवाहरलाल नेहरू विवि दिल्ली द्वारा बीएससी/बीएससी (कम्प्यूटर)/बीए डिग्री प्रदान की जाएगी।नौसेना अकादमी के लिए चयनित उम्मीदवारों को नौसेना अकादमी, इझीमाला में 4 वर्ष की अवधि के लिए शैक्षिक तथा शारीरिक दोनों प्रकार का प्रारंभिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। दस धन दो के कैडेटों (कार्यकारी शाखा) को नौसेना अकादमी से प्रशिक्षण प्राप्त करने (पासिंग आउट) पर बीटेक डिग्री प्रदान की जाएगी।राष्ट्रीय रक्षा अकादमी में पास होने के बाद थलसेना कैडेट भारतीय रक्षा अकादमी देहरादून में, नौसेना कैडेट, कैडेटों के प्रशिक्षण पोत में और वायु सेना कैडेट, एएफए हैदराबाद जाएँगे।भारतीय सेना अकादमी में सेना कैडेटों को जेंटलमेन कैडेट कहा जाता है और उन्हें एक वर्ष तक कड़ा प्रशिक्षण दिया जाता है ताकि वे इंफेंट्री के उपयूनिटों का नेतृत्व करने योग्य अफसर बन सकें। प्रशिक्षण सफलता से पूरा करने के बाद जेंटलमेन कैडेटों को उनके शेप वन शारीरिक दृष्टि से योग्य होने पर लेफ्टिनेंट के पद पर स्थायी कमीशन दिया जाता है। नौसेना कैडेटों के राष्ट्रीय रक्षा अकादमी में पास होने पर उन्हें नौसेना का कार्यपालक इंजीनियरी और बिजली शाखाओं के लिए चुना जाता है। उन्हें छः माह के लिए कैडेट प्रशिक्षण पोत पर समुद्री प्रशिक्षण दिया जाता है। जिसे सफलतापूर्वक पूरा करने पर उन्हें मिडशिपमैन रैंक में पदोन्नात किया जाता है। संबद्ध शाखा में छः माह तक आगे प्रशिक्षण पाने के बाद उन्हें उप लेफ्टिनेंट के रैंक में पदोन्नत किया जाता है।
वायु सेना कैडेटों को हवाई जहाज का डेढ़ वर्ष का प्रशिक्षण दिया जाता है तथापि उन्हें एक वर्ष का प्रशिक्षण पूरा होने अनंतिम रूप से फ्लाइंग अफसर के रूप में कमीशन प्रदान किया जाता है। उनके बाद छः माह का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा करने पर उन्हें एक वर्ष की अवधि के लिए परीवीक्षा पर स्थायी रूप से कमीशन अफसर के रूप में समाहित कर दिया जाता है।सेना अधिकारी एवं वायुसेना व नौसेना के समकक्ष रैंक जेंटलमैन कैडेट, सैन्य अकादमियाँ, अर्थात भारतीय सैन्य अकादमी तथा अधिकारी प्रशिक्षण अकादमी की पूरी प्रशिक्षण अवधि के दौरान 8000 रु. प्रतिमाह की वृतिका पाने के हकदार होंगे। प्रशिक्षण को सफलतापूर्वक पूरा करने के पश्चात भुगतान की गई वृतिका को सभी उद्देश्यों हेतु वेतन में परिवर्तित कर दिया जाएगा तथापि प्रशिक्षण की अवधि को कमीशन प्राप्त सेवा के रूप में नहीं माना जाता है।वेतनमानथल सेना अधिकारी, नौसेना व वायु सेना के समकक्ष रैंक के लिए वेतनमान निम्नानुसार हैं-रैंक वेतनमानलेफ्टिनैंट 8250-300-10050 रु.कैप्टन 9600-300-11400 रु.मेजर 11600-325-14850 रु.ले कर्नल 13500-400-17100 रु.कर्नल 15100-450-17350 रु.ब्रिगेडियर 16700-450-18050 रु.मेजर जनरल 18400-500-2240 रु.ले जनरल 22400-525-24500 रु.वाइस चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ और आर्मी कमांडर्स 26000 रु. (निश्चित)चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ 30000 रु. (निश्चित) (
वेतन एवं भत्ते 6वें केन्द्रीय वेतन आयोग की सिफारिश के आधार पर सरकार द्वारा संशोधित होने की संभावना है।)