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बिहार में महागठबंधन की हार के बाद दिग्विजय की नीतीश को सलाह, मच गया बवाल
बिहार में एक बार नीतीश कुमार की अगुवाई में एनडीए की सरकार बनने जा रही है, जबकि एग्जिट पोल में महागठबंधन की जीत दिखाई जा रही थी। राज्य में महागठबंधन की हार के बाद वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने नीतीश कुमार को एक ऐसी सलाह दी जिस पर बवाल मच गया।
इस बीच कांग्रेस के नेता और राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह ने नीतीश कुमार को संघ और भाजपा का साथ छोड़ने की नसीहत दी है। उनका कहना है कि देश को बर्बाद होने से बचाने के लिए नीतीश कुमार को भाजपा और संघ का साथ छोड़ तेजस्वी का साथ देना चाहिए।
दिग्विजय सिंह ने बुधवार को ट्वीट करके नीतीश कुमार को तेजस्वी यादव के साथ आने की अपील की। दिग्विजय ने कहा, भाजपा/संघ अमरबेल के समान हैं, जिस पेड़ पर लिपट जाती है, वह पेड़ सूख जाता है और वह पनप जाती है। नीतीश जी, लालू जी ने आपके साथ संघर्ष किया है। आंदोलनों में जेल गए हैं।
नितीश जी, बिहार आपके लिए छोटा हो गया है, आप भारत की राजनीति में आ जाएँ। सभी समाजवादी धर्मनिरपेक्ष विचारधारा में विश्वास रखने वाले लोगों को एकमत करने में मदद करते हुए संघ की अंग्रेजों के द्वारा पनपाई “फूट डालो और राज करो” की नीति ना पनपने दें। विचार ज़रूर करें।
— digvijaya singh (@digvijaya_28) November 11, 2020
दिग्विजय ने कहा, भाजपा/संघ की विचारधारा को छोड़ कर तेजस्वी को आशीर्वाद दे दीजिए। इस 'अमरबेल' रूपी भाजपा/संघ को बिहार में मत पनपाओ। नीतीश जी, बिहार आपके लिए छोटा हो गया है, आप भारत की राजनीति में आ जाएं। सभी समाजवादी धर्मनिरपेक्ष विचारधारा में विश्वास रखने वाले लोगों को एकमत करने में मदद करते हुए संघ की अंग्रेजों के द्वारा पनपाई 'फूट डालो और राज करो' की नीति ना पनपने दें। विचार ज़रूर करें।
भाजपा/संघ अमरबेल के समान हैं, जिस पेड़ पर लिपट जाती है वह पेड़ सूख जाता है और वह पनप जाती है।
नितीश जी, लालू जी ने आपके साथ संघर्ष किया है आंदोलनों मे जेल गए है भाजपा/संघ की विचारधारा को छोड़ कर तेजस्वी को आशीर्वाद दे दीजिए। इस “अमरबेल” रूपी भाजपा/संघ को बिहार में मत पनपाओ।
— digvijaya singh (@digvijaya_28) November 11, 2020
अपने अगले ट्वीट में दिग्विजय ने कहा, यही महात्मा गांधी जी व जयप्रकाश नारायण जी के प्रति सही श्रद्धांजलि होगी। आप उन्हीं की विरासत से निकले राजनेता हैं, वहीं आ जाइए। आपको याद दिलाना चाहूंगा जनता पार्टी संघ की ड्यूल मेंबरशिप के आधार पर ही टूटी थी। भाजपा/संघ को छोड़िए। देश को बर्बादी से बचाइए।
इतना ही नहीं मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री सिंह ने भाजपा पर रामविलास पासवान की विरासत को खत्म करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, भाजपा ने अपनी कूटनीति से नीतीश का कद छोटा कर दिया व रामविलास पासवान जी की विरासत को समाप्त कर दिया।
गौरतलब है कि महागठबंधन में सबसे बुरा प्रदर्शन कांग्रेस का रहा। 70 सीटें लड़कर कांग्रेस महज 19 सीटें जीत पाई। औसत प्रदर्शन करने के बाद अब कांग्रेस ने नीतीश कुमार को अपने पाले में करने की कोशिश की है।
