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Written By WD

ये कैसा विश्वास है रोहित

- रोहित जैन

रोहित जैन
ND
सब तो तेरे पास है रोहित
क्या है जिसकी आस है रोहित

एक ख़ुदा ही है जो सच है
बाकी सब बकवास है रोहित

जैसे जीता है तू जी ले
क्या लिखना इतिहास है रोहित

तू भी हड्डी पसली चमड़ी
कौन सा तू कोई ख़ास है रोहित

एक साथ मुस्कान-ओ-आँसू?
दुनिया का एहसास है रोहित

क्या खुश है तू इन्सां बन के
ये तेरा बनवास है रोहित

चाहे फिर घुटना मरना हो
जीवन सबको रास है रोहित

अस्ल में चाहे दो कौड़ी हो
दिखता सब अल्मास है रोहित

धरती अम्बर एक करेगा
ये कैसा विश्वास है रोहित

बड़ा खा रहा है छोटे को
ये जीने की प्यास है रोहित

वक़्त पड़े छुप जाएगा तू
काहे का बिन्दास है रोहित

जीना है जैसे दिन निकलें
जीना एक सिपास है रोहित

और न शायर का मुँह खुलवा
दिल में बहुत भड़ास है रोहित।
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WD