sundarkand

कब तक आएगा मानसून, क्या है ग्रहों के संकेत

Updated: शनिवार, 21 मई 2022 (17:36 IST)
Barish kab tak aayega : पूरे भारत में प्रतिवर्ष 15 जून के आसपास मानसून आ जाता है। सबसे पहले केरल, अंडमान निकोबार द्वीप समूह, पूर्वोत्तर राज्य, बंगाल आदि राज्यों में इसकी दस्तक होती है और इसके बाद संपूर्ण भाररत में यह छा जाता है। आओ जाते हैं कि इस संबंध में ज्योतिष के अनुसार इस बार ग्रह नक्षत्र क्या संकेत दे रहे हैं।
 
 
1. नौतपा का गणित : ज्योतिष की सूर्य 15 दिन के लिए रोहिणी नक्षत्र में गोचर करने लगता है। इन पंद्रह दिनों के पहले के 9 दिन सर्वाधिक गर्मी वाले होते हैं। इन्हीं शुरुआती 9 दिनों को नौतपा कहते हैं। नौतपा के दौरान सूर्य की किरणें सीधे पृथ्वी पर प्रभाव डालती है। इससे प्रचंड गर्मी होती है जो समुद्र के पानी का वाष्पीकरण तेजी करके बादलों का निर्माण करती है। इससे मानसून में अच्छी बारिश होने के आसार बनते हैं। यदि ऐसा नहीं होकर 9 दिनों में ही बारिश हो जाती है तो फिर मानसून के अच्‍छे आसार नहीं बनते हैं। सूर्य 25 मई बुधवार को 8 बजकर 16 मिनट पर रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश करेगा जहां वह 8 जून की सुबह 6 बजकर 40 मिनट तक रहेगा। इस बार सूर्य रोहिणी में 14 दिन तक ही रहेगा।
 
ज्योतिषियों का मानाना है कि इस बार नौतपा के शुरुआती 6 दिनों में गर्मी के साथ ही उमस भी बहुत रहेगी। नौ दिन में से अंतिम 3 दिन हवाएं खूब तेज चलेगी। कहीं-कहीं मध्यम बारिश की संभावना है तो कहीं बौछारें भी हो सकती है। कहीं पर झमाझम तो कहीं पर सामान्य बारिश रहेगी। कई क्षेत्रों में बाढ़ के हालात रहेंगे। 
 
इस बार नौतपा से पहले ही कुछ क्षेत्रों में बारिश हो चली है। अब नौतपे से ही आशा है कि यदि यह खूब तपा तो भारी बारिश होगी नहीं तपा तो मानसून बिखरा-बिखरा रहेगा। यह भी कहा जा रहा है कि नौतपा के आखिरी दो दिन तेज हवा-आंधी चलने व बारिश होने के भी योग हैं। हालांकि इस बार मानसून अच्‍छा होगा।
2. ग्रहों के संकेत : सूर्य, मंगल, बुध और शनी के समसप्तक योग होने से धरती के एक हिस्से में भारी गर्मी और दूसरे में बाढ़ की संभावना है। मेदिनी ज्योतिष के जानकारों के अनुसार इस वर्ष अच्छे मानसून के आसार हैं। मेदिनी ज्योतिष के अनुसार गुरु, शुक्र, चंद्रमा और बुध ग्रह सूर्य के आगे या पीछे हो और उसी दौरान शनि, मंगल, राहु या केतू ग्रह सूर्य के आगे गोचर कर रहे हो तो बारिश समय पर या समय पूर्व ही होगी। बारिश 97 फीसदी से अधिक रह सकती है। कहते हैं कि जेठ के पिछले महीने के अंतिम दस दिनों में पड़ी भयानक गर्मी अच्‍छे मानसून का संकेत मानी जा रही है। 
 
यह भी कहा जा रहा है कि इस वर्ष आद्रा नक्षत्र का प्रवेश धनु लग्न में हो रहा है। वहीं लग्नेश गुरु सुख भाव में जलराशि में हैं जबकि चंद्रमा भी जल राशि में हैं। ऐसे में इस साल अच्छी बारिश के संकेत मिल रहे हैं। ज्योतिष शरद तिवारी के अनुसार सूर्य जब आद्रा नक्षत्र में प्रवेश करता है तो उसी समय मानसून बारिश के मौसम का आगमन माना जाता है। इसके अलावा रोहणी का वास भी समुद्र किनारे है, जिसके प्रभाव से भी मानसून समय पर ही देशभर में छाएगा।

Show comments

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में प्रवेश, 12 राशियों में किसकी चमकेगी किस्मत और किसे रहना होगा सावधान?

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में प्रवेश, 5 राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन; धन-करियर में मिल सकता है बड़ा लाभ

सभी देखें

Weekly Horoscope: 17 से 23 अगस्त 2026 का राशिफल: जानें नौकरी, व्यापार, प्रेम और स्वास्थ्य का साप्ताहिक हाल

15 August Birthday: आपको 15 अगस्त, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (15 अगस्‍त, 2026)

Weekly Numerology Horoscope: साप्ताहिक अंक भविष्यफल 17 अगस्त से 23 अगस्त 2026: जानें आपके मूलांक का सटीक राशिफल

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 15 अगस्‍त 2026: शनिवार का पंचांग और शुभ समय

अगला लेख