बिहार के पूर्व मंत्री बोले- मेरी आस्था के खिलाफ है वंदे मातरम गाना

पुनः संशोधित सोमवार, 22 अप्रैल 2019 (11:33 IST)
पटना। राष्ट्रीय जनता दल के वरिष्ठ नेता और बिहार के पूर्व मंत्री अब्दुल बारी सिद्दीकी ने एक ऐसा बयान दिया है जो चुनाव मौसम में महागठबंधन के लिए नुकसानदायक हो सकता है। अब्दुल बारी ने कहा कि उन्हें ‘भारत माता की जय’ बोलने में कोई परेशानी नहीं है, लेकिन राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ गाना उनकी आस्था के खिलाफ है।
से चुनाव लड़ रहे सिद्दीकी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे की सार्वजनिक रूप से निंदा करने की चुनौती भी दी।

अब्दुल बारी सिद्दीकी ने गोडसे को देश का पहला आतंकवादी करार दिया। सिद्दीकी ने कहा कि जो एकेश्वर में विश्वास रखता है, वह कभी भी ‘वंदे मातरम’ नहीं गाएगा।

हालांकि उन्होंने कहा कि उन्हें ‘भारत माता की जय’ का नारा लगाने में कोई समस्या नहीं है। आरजेडी नेता ने गोडसे के राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के साथ कथित संबंधों के संदर्भ में कहा कि महात्मा गांधी का हत्यारा नाथूराम गोडसे देश का पहला आतंकवादी था। क्या मोदी सार्वजनिक रूप से गोडसे की निंदा करेंगे?

भाजपा ने कहा बिहार के आजम खान : सिद्दीकी के इस बयान के बाद बिहार में राजनीति गर्मा गई है। भाजपा ने कहा कि सिद्दीकी बिहार के आजम खान हैं। भाजपा ने कहा कि आजम खान और महबूबा मुफ्ती की कड़ी में अब अब्दुल बारी सिद्दीकी भी शामिल हो गए हैं।

भाजपा के प्रवक्ता निखिल आनंद ने कहा कि सिद्दीकी को पहले 'कठमुल्लावाद मुर्दाबाद' का नारा लगाना चाहिए। निखिल आनंद ने कहा कि सामाजिक न्याय के विरोधी सिद्दीकी को दरभंगा की जनता सबक सिखाएगी। उधर जद (यू) ने कहा कि सिद्दीकी पर ओवैसी या तेजस्वी का असर हुआ है। सिद्दीकी के इस बयान से कांग्रेस ने किनारा कर लिया है।

 

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