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सुशीला देवी फाइनल मैच हारी, फिर भी भारत को दिलाया सिल्वर मेडल
भारतीय जूडो खिलाड़ी एल सुशीला देवी ने राष्ट्रमंडल खेलों में महिलाओं के 48 किलो वर्ग में सोमवार को यहां रजत पदक अपने नाम किया।
सुशीला को फाइनल में बेहद करीबी मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका की मिशेला वाइटबूइ ने 4.25 मिनट में हराया। चार मिनट के नियमित समय में दोनों जूडो खिलाड़ियों कोई अंक नहीं बना पाए थे। वाइटबूट ने इसके बाद गोल्डन अंक जुटा कर मुकाबला जीत लिया। सुशीला ने ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेल 2014 में भी रजत पदक जीता था ।
सुशीला ने इससे पहले सेमीफाइनल में मॉरीशस की प्रिसिला मोरांड को इप्पोन को शिकस्त देकर अपना पदक पक्का किया था। उन्होंने क्वार्टर फाइनल में मालावी की हैरियट बोनफेस को हराया था।
इपन एक ऐसी चाल है जिसमें एक प्रतियोगी अपने प्रतिद्वंद्वी को काफी बल और गति के साथ मैट पर फेंकता है ताकि प्रतिद्वंद्वी उसकी पीठ पर गिरे। एक इपन तब भी दिया जाता है जब कोई प्रतियोगी अपने प्रतिद्वंद्वी को 20 सेकंड के लिए ग्रैपलिंग होल्ड-डाउन के साथ स्थिर रखे, या जब कोई प्रतिद्वंद्वी हार मान ले।
सुशीला को फाइनल में बेहद करीबी मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका की मिशेला वाइटबूइ ने 4.25 मिनट में हराया। चार मिनट के नियमित समय में दोनों जूडो खिलाड़ियों कोई अंक नहीं बना पाए थे। वाइटबूट ने इसके बाद गोल्डन अंक जुटा कर मुकाबला जीत लिया। सुशीला ने ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेल 2014 में भी रजत पदक जीता था ।
सुशीला ने इससे पहले सेमीफाइनल में मॉरीशस की प्रिसिला मोरांड को इप्पोन को शिकस्त देकर अपना पदक पक्का किया था। उन्होंने क्वार्टर फाइनल में मालावी की हैरियट बोनफेस को हराया था।
