वैसे तो फिलहाल प्रचलित तीनों ही ब्राउजर काफी लोकप्रिय हैं। अगर ऊपरी तौर पर देखा जाए तो तीनों ब्राउजर एक समान कार्य करते दिखाई पड़ते हैं, लेकिन इन तीनों की कार्यप्रणाली और कम्प्यूटर सिस्टम पर पड़ने वाले प्रभाव में बहुत अंतर है।
अगर देखा जाए तो उपयोग के हिसाब से तीनों ब्राउजर में से क्रोम सबसे ऊपर उभरकर आया है। क्रोम में जो एक अलग चीज दिखाई देती है वह है इसका एड्रेस और सर्च बार। इंटरनेट एक्सप्लोरर8 और फायरफॉक्स में एड्रेस और सर्च बार अलग-अलग दिए होते हैं लेकिन क्रोम ने इस असुविधा को दूर करते हुए एड्रेस बार और सर्च बार के लिए एक ही बॉक्स दिया है। इसी बॉक्स में एड्रेस और सर्च टेक्स्ट लिखा जा सकता है।
इसके साथ ही क्रोम में हिस्ट्री देखने के साथ-साथ अपने पहले देखे हुए पेज को सर्च बॉक्स के माध्यम से सर्च भी किया जा सकता है। साथ ही इस पर आप अपने ज़्यादातर देखे जाने वाले पेज को भी सर्च कर सकते हैं।
वैसे तो फिलहाल प्रचलित तीनों ही ब्राउजर काफी लोकप्रिय हैं। अगर ऊपरी तौर पर देखा जाए तो तीनों ब्राउजर एक समान कार्य करते दिखाई पड़ते हैं, लेकिन इन...
इसमे दी गई एक और सुविधा यह है कि आप अपने उपयोगी टैब को डेस्कटॉप पर ड्रेग कर सकते हैं। यह सुविधा फायरफॉक्स या आईई 8 में नहीं दी गई है, वहाँ आप सिर्फ टैब्स को रिअरेंज कर सकते हैं।
अगर एक्सपेन्डेबिलिटी या दूसरे सॉफ्टवेयर को स्टोर करने की बात की जाए तो यहाँ बाजी फायरफॉक्स के हाथ में दिखाई देगी। क्रोम की अगर यहाँ बात की जाए तो उसका यह फीचर सिर्फ फ्लैश, एक्रोबैट, सिल्वरलाइट आदि तक ही सीमित है।
आईई8 में भी बहुत से फीचर दिए गए हैं जो ब्राउजर के साथ ही आते हैं।
वायरस या इन्फेक्शन की बात की जाए तो तीनों ही ब्राउजर इसमें सक्षम हैं। लेकिन अगर कार्यप्रणाली और दूसरी सभी बातों का ध्यान रखा जाए तो फायरफॉक्स भी एक अच्छा विकल्प है।अगर क्रोम में एक्सटेंशन की अच्छी सुविधा दी जाए और एड ब्लॉकिंग की तरफ थोड़ा ध्यान दिया जाए तो क्रोम विजेता के रूप में उभर सकता है।