1. खबर-संसार
  2. »
  3. लोकसभा चुनाव 2014
  4. »
  5. मोदी फैक्टर
Written By भाषा
Last Modified: लखनऊ , रविवार, 23 मार्च 2014 (13:04 IST)

मोदी लहर पर भारी न पड़ जाए अंतरविरोध

नरेन्द्र मोदी
लखनऊ। ‘मोदी लहर’ के सहारे आसन्न लोकसभा चुनाव में अपनी सबसे शानदार जीत के दावे कर रही भाजपा के लिए लक्ष्य प्राप्ति के लिहाज से सबसे महत्वपूर्ण सूबे उत्तरप्रदेश में टिकट बंटवारे को लेकर अनेक जिलों में जारी अंतरविरोध और उग्र प्रतिक्रिया ने मोदी के प्रचारित ‘जादू’ को पलीता लगा दिया है।
FILE

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि जिस तरह टिकट आबंटन को लेकर प्रदेश में भाजपा के राज्य मुख्यालय तथा जिला मुख्यालयों पर विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं और पार्टी मुखिया राजनाथ सिंह के पुतले फूंके जा रहे हैं, कद्दावर नेताओं को दरकिनार किया जा रहा है, वे कहीं तेजी से दिल्ली की तरफ बढ़ रही 'मोदी एक्सप्रेस' के हौज पाइप 'काटने' का काम न कर दे।

वाराणसी सीट से पार्टी के वरिष्ठ नेता तथा मौजूदा सांसद मुरली मनोहर जोशी की सीट पर मोदी को चुनाव लड़ाने की बात से यह विरोध शुरू हुआ। मनमुटाव धीरे-धीरे उग्र प्रदर्शन में तब्दील हो गया और देखते ही देखते इलाहाबाद, गोंडा, श्रावस्ती, सीतापुर, अयोध्या, लखीमपुर, जौनपुर, देवरिया, बलिया, बाराबंकी, मैनपुरी तथा डुमरियागंज में कार्यकर्ताओं ने टिकट बंटवारे में उनकी भावनाओं की उपेक्षा किए जाने का आरोप लगाते हुए अपनी ही पार्टी के मुखिया राजनाथ सिंह के पुतले फूंके।

वाराणसी से जोशी का टिकट काटकर उन्हें कानपुर से प्रत्याशी बना दिया गया। जोशी ने इसे स्वीकार तो कर लिया लेकिन वाराणसी से टिकट काटे जाने की टीस उन्होंने विभिन्न मंचों पर कई बार जरूर जाहिर की।

असंतोष पर क्या बोले भाजपा नेता...


हालांकि भाजपा इसे ज्यादा गंभीर नहीं मान रही है। पार्टी के प्रांतीय प्रवक्ता विजय बहादुर पाठक का कहना है कि हर छोटा-बड़ा नेता ‘मोदी की लहर’ के सहारे संसद पहुंचने की महत्वाकांक्षा रखता है लेकिन स्वाभाविक रूप से टिकट तो किसी एक ही व्यक्ति को दिया जा सकता है। पार्टी असंतोष को मिल-बैठकर शांत कर लेगी।

रायबरेली से भाजपा का टिकट मांग रहे सपा के पूर्व राष्ट्रीय सचिव अजय अग्रवाल ने भी टिकट नहीं दिए जाने के विरोध में पार्टी राज्य मुख्यालय पर बाकायदा धरना दिया। दूसरी ओर, हाल ही लोकसभा एवं कांग्रेस से इस्तीफा दे चुके जगदंबिका पाल के भाजपा में शामिल होकर दोबारा डुमरियागंज से लोकसभा चुनाव लड़ने की चर्चाओं के बीच भाजपा कार्यकर्ताओं ने इसका कड़ा विरोध किया।

डुमरियागंज से आए भाजपा कार्यकर्ताओं एवं स्थानीय नेताओं ने पार्टी के प्रदेश मुख्यालय पर धरना दिया और पाल के विरोध में नारेबाजी की। इन कार्यकर्ताओं ने पाल की विश्वसनीयता को संदिग्ध बताते हुए कहा कि उन्हें किसी भी हाल में लोकसभा का टिकट नहीं मिलना चाहिए।

लोकसभा चुनाव टिकट वितरण को लेकर भाजपा में विरोध का उग्र रूप गोंडा में भी दिखा। भाजपा कार्यकर्ताओं ने हाल में पार्टी में शामिल हुए कीर्तिवर्धन सिंह को टिकट दिए जाने के विरोध में दल के कार्यालय में तोड़फोड़ की और पार्टी अध्यक्ष राजनाथ सिंह का पुतला फूंका।

प्रदेश की सपा सरकार में कृषिमंत्री रहे आनंद सिंह के बेटे कीर्तिवर्धन को गोंडा से टिकट देने के विरोध में बड़ी संख्या में पार्टी कार्यालय पहुंचे भाजपा कार्यकर्ताओं ने पहले तो भाजपा अध्यक्ष राजनाथ सिंह और कीर्तिवर्धन के पुतले जलाए और फिर दफ्तर में घुसकर तोड़फोड़ की।

उधर, सलेमपुर लोकसभा सीट पर सपा के दिवंगत वरिष्ठ नेता हरिकेवल प्रसाद के बेटे रवीन्द्र कुशवाहा को भाजपा का टिकट दिए जाने के विरोध में चिलकहर के पूर्व विधायक राम इकबाल सिंह ने अपने समर्थकों के साथ बैठक में पार्टी आलाकमान पर जमकर निशाना साधा।

उन्होंने कहा कि वे जल्द ही दिल्ली जाकर पार्टी अध्यक्ष राजनाथ सिंह से कुशवाहा का टिकट काटने के बारे में बात करेंगे। अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो दो अप्रैल को आगे की रणनीति तय की जाएगी।

जौनपुर में केपी सिंह को टिकट दिए जाने का भी विरोध हुआ। पूर्व केंद्रीय विदेश राज्यमंत्री स्वामी चिन्मयानंद ने शुक्रवार को कहा कि जौनपुर मछलीशहर सीट पर पार्टी ने ऐसे लोगों को टिकट दिए हैं जिन्हें जनता पहचानती ही नहीं। अगर पार्टी नेतृत्व ने इस पर पुनर्विचार नहीं किया तो वे ‘जनता की भावनाओं का सम्मान’ करेंगे।

लखीमपुर खीरी में भी अजय कुमार सैनी को टिकट दिए जाने के विरोध में राजनाथ सिंह का पुतला फूंका गया। सीतापुर में सपा से आए राजेश वर्मा को टिकट दिए जाने का विरोध किया गया।

बाराबंकी सुरक्षित सीट से भाजपा की पूर्व विधायक उषा रावत ने पार्टी का टिकट उनके बजाय प्रियंका रावत को दिए जाने के विरोध में पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष को पत्र लिखकर नाराजगी जताई।

विरोधियों ने किसे कहा मुलायम का प्यादा...


फर्रुखाबाद में भाजपा के पूर्व सांसद दयाराम शाक्य के पुत्र तथा पूर्व विधायक सुशील शाक्य ने भी मुकेश राजपूत को कथित रूप से कल्याण सिंह के करीबी होने के कारण टिकट दिए जाने पर तीखी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि ऐसी पार्टी जो कार्यकर्ताओं की भावनाओं का सम्मान न करे, उसमें रहने का क्या फायदा।

मैनपुरी लोकसभा सीट पर भी घोषित भाजपा उम्मीदवार के विरोध में पार्टी कार्यकर्ताओं ने आवाज उठाई है। पार्टी के जिला अध्यक्ष शिवदत्त सिंह भदौरिया के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने मैनपुरी लोकसभा सीट से उम्मीदवार घोषित शत्रुघ्न सिंह चौहान को इस सीट से चुनाव लड़ रहे सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव का ‘प्यादा’ करार देते हुए उनका पुतला फूंका।

भदौरिया ने कहा कि चौहान सपा मुखिया के ‘डमी’ हैं और पार्टी नेतृत्व ने उन्हें पार्टी कार्यकर्ताओं पर थोप दिया है जिसका विरोध किया जाएगा। श्रावस्ती लोकसभा सीट से भी ‘डमी प्रत्याशी’ उतारे जाने से नाराज भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) कार्यकर्ताओं ने बलरामपुर में पार्टी कार्यालय के सामने दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह का पुतला जलाया।

भाजपा कार्यकर्ताओं ने श्रावस्ती लोकसभा सीट से दद्दन मिश्र को पार्टी का टिकट दिए जाने के विरोध में पार्टी के बलरामपुर जिला कार्यालय के सामने राजनाथ सिंह का पुतला जलाया और नारेबाजी की। वे मिश्र को हटाकर धीरेन्द्र प्रताप सिंह को प्रत्याशी बनाए जाने की मांग कर रहे हैं।

बहरहाल, इस सब पर पार्टी प्रवक्ता पाठक ने कहा कि मोदी की लहर है और भाजपा का विस्तार हुआ तो कार्यकर्ताओं को लगा कि अगर उन्हें टिकट मिल जाएगा तो वे सांसद बन जाएंगे इसलिए सबने अपने हिसाब से काम किया।

जब व्यक्ति अपने बारे में विचार करता है तो वह खुद को ही सबसे योग्य मानता है लेकिन टिकट तो किसी एक आदमी को ही मिल सकता था। इसी कारण कुछ जगहों पर कार्यकर्ताओं को लग रहा है कि उनके साथ गलत हुआ, लेकिन पार्टी सबके साथ मिल-बैठकर इसका समाधान कर देगी। (भाषा)
लेखक के बारे में
भाषा
भाषा हिन्दी समाचार एजेंसी है, जो कि वेबदुनिया को अनुबंध के तहत देश-विदेश की खबरें उपलब्ध करवाती है।.... और पढ़ें