तेनालीराम की कहानियां : मृत्युदंड की धमकी

WD|
FILE
थट्टाचारी कृष्णदेव राय के दरबार में राजगुरु थे। वे से बहुत ईर्ष्या करते थे। उन्हें जब भी मौका मिलता तो वे तेनालीराम के विरुद्ध राजा के कान भरने से नहीं चूकते थे।

एक बार क्रोध में आकर राजा ने तेनालीराम को मृत्युदंड देने की घोषणा कर दी, परंतु अपनी विलक्षण बुद्धि और हाजिरजवाबी से तेनालीराम ने जीवन की रक्षा की।


और भी पढ़ें :