व्यंग्य रचना : जुकरबर्ग का स्वच्छ-फेकबुक-अभियान

फेसबुक के संस्थापक मार्क जुकरबर्ग जब भारत आए तो उनकी मुलाक़ात भारत के नवनिर्वाचित ऊर्जावान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हुई। यह मुलाक़ात कई मायनों ...

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पाब्लो नेरूदा की प्रेम कविता : मेरी दोस्त, मैं ...

ढंक देता है प्रकाश अपनी मरणशील दीप्ति से तुम्हें अनमने फीके दुख खड़े हैं उस राह सांझ की ...

व्यंग्य रचना : जब अरुणब घोस्वामी जा पहुंचे बॉर्डर ...

भारत के सबसे अति उत्साहित, ऊर्जावर्धक एवं तेजस्वी प्रतिभाशाली पत्रकार, मुख्य जांच ...

शुभ दीपाकांक्षा : अच्छे दिनों की कामनाएं!

दीपचिन्तक, अवधमय अच्छे दिनों की कामनाएं! दीप-संवाहक, शिवम् पावन सुखों की प्रार्थनाएं!! ...

दिवाली व्यंग्य रचना : दिवाली बोनान्जा ऑफर की

इन दिनों दिवाली तक नैक-टू-नैक चल रहे त्योहारों के अवसर को भुनाने के चक्कर में बाजार से ...

दिवाली : संस्कृति को रोशन करता झिलमिलाता पर्व

यह चर्चा दीपावली के इस मौके पर इसलिए कि यही एक ऐसा त्योहार है जिसके व्यापक स्वरूप में ...

दिवाली : जलाओ दीये पर रहे ध्यान इतना...

दीपावली मनाते युग बीत गए। न लक्ष्मी आई और न ज्योति जगी। फिर भी कामना बलवती है। परंपरा के ...

दिवाली : नेह के छोर से एक दीप हम भेजें

एक नन्हा सा दीप। नाजुक सी बाती। उसका शीतल सौम्य उजास। झिलमिलाती रोशनियों के बीच इस कोमल ...

अपने हस्तिनापुरों में : प्रभा मुजुमदार की 6 ...

धृतराष्ट्र होने का मतलब अंधा होना नहीं होता, धृतराष्ट्र होना होता है, अपनी मर्जी, खुशी ...

व्यंग्य रचना : 'केजरी-बवाल' देश के प्रधानमंत्री ...

देश के प्रधानमंत्री का स्वतन्त्रता दिवस पर लाल किले से भाषण कुछ ऐसा होता- "हम अपने ...

व्यंग्य रचना : 'बिलावल' चला 'खिलावन' बनने

खबर है की मवेश मट्ट साहब ने पाकिस्तान के 'हास्य-कलाकार' बिलावल मुट्ठो के हालिया अभिनय से ...

व्यंग्य रचना : चुनावी घोषणा पत्र

किस दल के लिए घोषणा-पत्र बनाया जाए, घोषणा-पत्र में क्या लिखा जाए, घोषणा पत्र की भाषा कौन ...

मोबाइल : जीवन के साथ भी-जीवन के बाद भी

व्हाटसएप, फेसबुक टवीटर और भी बहुत कुछ इसके सगे भाई-बहन है। इन सब को चलाने कि लिए मोबाइल ...

उपनिषद : सरल शब्दों में अमूल्य संस्कृति का विराट ...

उपनिषद का सरल-सुबोध शैली में परिचय और भाषा का प्रवाह पाठक को आकर्षक ढंग से पुस्तक से ...

हिन्दी कविता : नहीं जानती क्यों

नहीं जानती क्यों सरसराती धूल के साथ हमारे बीच भर जाती है आंधियां और हम शब्दहीन घास से बस ...

दिवाली कविता : दीप जलेगा जिस दिन दिल में

कितने दीप जला लो जग में उजियारा नहीं होने वाला दीप जलेगा जिस दिन दिल में समझो ईश है आने ...

तुम्हारी खुशी, उनकी खुशी

तुम, उदास क्यों हो? जबकि, मैं खुश हूं!मैं खुश हूं, कि हमेशा सोचती रही हो तुम, अपने परिवार ...

लघुकथा : लक्ष्मीजी का स्थान

दीपावली की शाम उल्लू पर सवार सैकड़ों घरों के अवलोकन के पश्चात भी लक्ष्मीजी को निवास के लिए ...

अनबूझा-सा इक तेवर थे बाबूजी

घर की बुनियादें, दीवारें, बामो-दर थे बाबूजी, सबको बांधे रखने वाला ख़ास हुनर थे बाबूजी.

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लाइफ स्‍टाइल

सेक्स करना है तो उठाएं यात्रा का खर्च

स्वछंद संभोगी, जू पेंग, 19 वर्ष की है और उन्हें अस्थायी बॉयफ्रेंड्‍स की तलाश है जो कि अच्छे दिखने ...

अमेरिका में भारतीय मूल के लोगों ने मनाया छठ

अमेरिकी राजधानी के उपनगर में ऐतिहासिक पोटोमेक नदी के किनारे छठ मनाने के लिए भारतीय मूल के कई ...

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रोचक प्रश्नावली : क्या आप अपनी पत्नी को जानते हैं?

पत्नी नई नवेली या बरसों बरस की साथी। अक्सर किसी पहेली से कम नहीं होती। समझ में नहीं आता उसे क्या ...

ठंड में हॉर्स पॉवर चाहिए, तो रोज लीजिए चना

ताकतवर तो हाथी भी होता है पर किसी इंजन की शक्ति को एलीफेंट पॉवर नहीं कहा जाता, क्योंकि हाथी में बल ...

मीठा शाही खाजा

सबसे पहले मैदे को छानकर, उसमें गर्म किया घी और नमक मिलाकर मलाई से पूरी के आटे की तरह गूंथे। 15-20 ...

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