बेहतर है मुंबई इंडियंस का रिकॉर्ड, केकेआर को करना होगा चमत्कार

पुनः संशोधित मंगलवार, 8 मई 2018 (15:33 IST)
कोलकाता। पिछले तीन साल से के हाथों लगातार हार झेलने वाला मेजबान बुधवार को अपने इस प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ होने वाले मैच में हार का क्रम तोड़कर आईपीएल अंक तालिका में अपनी स्थिति मजबूत करने की कोशिश करेगा।

केकेआर ने अब तक आईपीएल के 11 सत्रों में मुंबई इंडियंस के खिलाफ जो 21 मैच खेले हैं, उनमें से 17 में उसे हार का सामना करना पड़ा। यह किसी एक आईपीएल टीम का किसी भी प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ सबसे खराब रिकॉर्ड है। वानखेड़े स्टेडियम में छह मई को खेले गए मैच में भी केकेआर को 13 रन से हार का सामना करना पड़ा जो उसकी मुंबई के हाथों लगातार सातवीं हार है।

असल में केकेआर पिछले 1125 दिन से मुंबई को हराने में नाकाम रहा है। उसने मुंबई इंडियंस के खिलाफ आखिरी जीत आठ अप्रैल 2015 को हासिल की थी। यही नहीं केकेआर की लय जहां गड़बड़ा रही है वहीं आईपीएल की सबसे सफल फ्रेंचाइजी मुंबई ने सही समय पर लय हासिल की है।

इससे पहले 2015 में भी रोहित शर्मा की अगुवाई वाली टीम ने अपने आखिरी आठ में से सात मैच जीतकर खिताब जीता था और इस बार भी टीम वही चमत्कार दोहराने की कोशिश में होगी। दोनों टीमों को अब लीग चरण में चार-चार मैच खेलने हैं लेकिन केकेआर ने पांच मैचों में जीत दर्ज की है जबकि मुंबई ने अब तक चार मैच ही जीते हैं, लेकिन कल जो भी टीम हारेगी उसकी प्लेऑफ में पहुंचने की राह कठिन हो जाएगी। केकेआर के अभी दस और मुंबई के आठ अंक हैं।

अगर केकेआर को मिथक तोड़ना है तो सुनील नारायण को बल्ले और गेंद दोनों से अच्छा प्रदर्शन करना होगा। शरीर में पानी की कमी के कारण नारायण को पिछले मैच में निचले क्रम में खेलना पड़ा और इससे उनकी टीम को 182 रन का लक्ष्य हासिल करने में मदद नहीं मिली। नारायण फिर से पारी का आगाज करने पर ध्यान दे रहे होंगे।

रोहित मुंबई की बल्लेबाजी के मुख्य स्तंभ हैं, लेकिन नारायण के सामने उनका बल्ला कम चला है। इस कैरेबियाई गेंदबाज ने उन्हें छह बार आउट किया है। नारायण को हालांकि अन्य गेंदबाजों विशेषकर तेज गेंदबाजों से भी मदद की जरूरत है जो इस सत्र में प्रभाव नहीं छोड़ पाए हैं। चाहे वह अनुभवी मिशेल जानसन हों या टॉम कुरेन दोनों महंगे साबित हुए है जबकि आंद्रे रसेल लगता है कि मांसपेशियों में खिंचाव के कारण खुलकर गेंदबाजी नहीं कर पा रहे हैं।

शिवम मावी चोटिल होने के कारण पिछले मैच में नहीं खेल पाए थे और देखना होगा कि वे इस मैच में वापसी करते हैं या नहीं। राबिन उथप्पा ने पिछले मैच में अर्धशतक जमाकर वापसी की जो केकेआर के लिए अच्छा संकेत है। इससे केकेआर को मध्यक्रम की चिंता कुछ कम हुई होगी।

मुंबई के ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या ने हालांकि पिछले मैच में गेंद और बल्ले से अच्छा प्रदर्शन किया था और वह पिछले मैच की तरह फिर से केकेआर की पारी लड़खड़ाने की कोशिश करेंगे। बेन कटिंग पिछले मैच में महंगे साबित हुए थे और ऐसे में मुंबई उनकी जगह मुस्ताफिजुर रहमान को अंतिम एकादश में रख सकता है। (भाषा)


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