भारतीय जेल से डरा भगोड़ा विजय माल्या, लंदन के जज ने मंगाए आर्थर रोड जेल के वीडियो

लंदन| पुनः संशोधित मंगलवार, 31 जुलाई 2018 (17:53 IST)
लंदन। भगोड़े शराब कारोबारी विजय माल्या को की वेस्टमिंस्टर कोर्ट ने जमानत दे दी है। खबरों के मुताबिक मामले की अगली 12 सितंबर को होगी। सुनवाई के दौरान लंदन की ने भारत की उस जेल का वीडियो भी मांगा है, जहां विजय माल्या को रखा जाएगा।
गौरतलब है कि विजय माल्या ने कुछ दिन पहले भारतीय जेलों की खराब स्थिति का हवाला देते हुए याचिका लगाई थी। किंगफिशर एयरलाइन के पूर्व मालिक विजय माल्या ने धोखाधड़ी और तकरीबन 9000 करोड़ रुपए के मनी लांड्रिंग के आरोपों में प्रत्यर्पण के भारत के प्रयासों को चुनौती दी थी। वह पिछले साल अप्रैल में गिरफ्तारी के बाद जमानत पर रिहा है। माल्या अपने पुत्र सिद्धार्थ के साथ अदालत पहुंचा था।
विजय माल्या ने अपनी शिकायत में कहा था कि भारतीय जेलों में उजाले और साफ हवा की व्यवस्था नहीं होती है। इसके बाद ही लंदन के जज ने मुंबई के आर्थर रोड जेल का वीडियो मंगाया है, जहां शराब कारोबारी विजय माल्या को रखने की योजना बनाई जा रही है। जज एम्मा अर्बुथनोट ने कहा कि भारतीय अदालतों द्वारा भेजी गई बैरक की 12 तस्वीरों से वे संतुष्ट नहीं हैं। जज ने कहा कि वे जेल के वीडियो शूट को देखना चाहती हैं, सूर्य की रोशनी को देखना चाहती हैं, चाहे वे खिड़कियों से क्यों न आ रही हो।

विजय माल्या के बचाव पक्ष ने यह तर्क दिया था कि भारत में जेल में प्राकृतिक प्रकाश और ताजा हवा की कोई व्यवस्था नहीं रहती है। वकील क्लेयर मोंटगोमेरी ने यह आरोप भी लगाया था कि तकनीक का उपयोग कर भेजी गई तस्वीरों में प्रकाश को दिखाया गया है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि इतनी बड़ी दीवार के पीछे से सूर्य कैसे दिखाई दे सकता है।
भारत ने अदालत में तस्वीरें पेश करते हुए यह तर्क दिया था कि जेल में मानवाधिकारों का पालन किया जाता है और तस्वीरें ये साबित करती हैं। भारत सरकार का पक्ष रख रहे वकील मार्क समर्स ने कहा कि विजय माल्या को जिस बैरक में रखा जाएगा, वहां शुद्ध हवा और प्रकाश के साथ ही वेस्टर्न स्टाइल की शौचालय सुविधा और साफ- सुथरे बिस्तर दिए जाएंगे। लंदन में वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट्स कोर्ट में विजय माल्या के मामले की सुनवाई हो रही है।

वेबदुनिया हिंदी मोबाइल ऐप अब iOS पर भी, डाउनलोड के लिए क्लिक करें। एंड्रॉयड मोबाइल ऐप डाउनलोड करने के लिए क्लिक करें। ख़बरें पढ़ने और राय देने के लिए हमारे फेसबुक पन्ने और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं।

और भी पढ़ें :