सलाखों के पीछे से 'माननीय' बने अमनमणि

लखनऊ। समाजवादी पार्टी से टिकट कटने के बाद निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में महराजगंज जिले की नौतनवा सीट से मैदान में उतरे अपनी पत्नी की हत्या के आरोपी अमनमणि त्रिपाठी चुनाव जीत गए।
अपनी पत्नी सारा सिंह की हत्या के आरोप में जेल में बंद अमनमणि ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी सपा के कुंवर कौशल किशोर सिंह उर्फ मुन्ना सिंह को 32 हजार 478 मतों से हराया। अमनमणि की बहनों तनुश्री और अलंकृता ने उनके प्रचार कार्य की जिम्मेदारी संभाली थी।
 
अमनमणि के पिता अमरमणि त्रिपाठी और मां मधुमणि वर्ष 2003 में कवयित्री मधुमिता शुक्ला हत्याकांड मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे हैं। अमरमणि नौतनवा से 4 बार विधायक रह चुके हैं। (भाषा)

Widgets Magazine
वेबदुनिया हिंदी मोबाइल ऐप अब iOS पर भी, डाउनलोड के लिए क्लिक करें। एंड्रॉयड मोबाइल ऐप डाउनलोड करने के लिए क्लिक करें। ख़बरें पढ़ने और राय देने के लिए हमारे फेसबुक पन्ने और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं।



और भी पढ़ें :