स्वामी विवेकानंद के 6 अनमोल सद्विचार जानिए...


स्वामी विवेकानंद थॉट्‍स
 
> * स्वामी विवेकानंद कहते हैं कि जिस पल मुझे यह ज्ञात हो गया कि हर मानव के हृदय में भगवान है। तभी से मैं अपने सामने आने वाले हर व्यक्ति में ईश्वर की छवि देखने लगा हूं और उसी पल मैं हर बंधन से छूट गया। हर उस चीज से जो बंद रखती हैं.., धूमिल हो जाती है और मैं तो आजाद हूं।  
 
 

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