1. लाइफ स्‍टाइल
  2. साहित्य
  3. काव्य-संसार
  4. Lord Ram Poem

हिन्दी कविता : राजा दशरथ के घर बाजे शहनाई रे

Lord Ram Poem
राजा दशरथ के घर बाजे शहनाई रे
गंगा मैया तोहे पियरी चढ़ाऊं
 
सब मिल के गावे बधाई रे
गंगा मैया तोहे पियरी चढ़ाऊं
 
जनक दुलारी अयोध्या आई
फूल हंसे कलियां मुस्काई
मंगल गीत गाए कौशल्या माई रे
गंगा मैया तोहे पियरी चढ़ाऊं
 
राजा दशरथ के घर बाजे शहनाई रे
गंगा मैया तोहे पियरी चढ़ाऊं
 
कनक भवन में सजी दिवाली
सारी नारी मिल के गावे गारी
अयोध्यावासी बांटत हैं मिठाई रे
गंगा मैया तोहे पियरी चढ़ाऊं
 
राजा दशरथ के घर बाजे शहनाई रे
गंगा मैया तोहे पियरी चढ़ाऊं।
 
लेखक के बारे में
राकेशधर द्विवेदी
अगला लेख
Good News: तेज चलने से हार्ट अटैक का खतरा 34 फीसदी होगा कम, नई रिसर्च में खुलासा