Poem on Teacher | गुरु
दिव्या जोशी (कक्षा-नौवीं)
बिन गुरु जीवन नरक समान
इनका करें सदा सम्मान।
गुरु सा न कोई जग में महान,
गुरु से ही मिलता हमें सच्चा ज्ञान।
गुरु विचारों को उज्ज्वल करते,
शिष्यों की बोली प्यार से भरते।
मिटाते हैं वो सदा अज्ञान
सदा करते हैं शिक्षा का दान।
ऐ गुरु तुम्हें हम करते नमन
और करते हैं हम प्रणाम।
इनका करें सदा सम्मान।
गुरु सा न कोई जग में महान,
गुरु से ही मिलता हमें सच्चा ज्ञान।
गुरु विचारों को उज्ज्वल करते,
शिष्यों की बोली प्यार से भरते।
मिटाते हैं वो सदा अज्ञान
सदा करते हैं शिक्षा का दान।
ऐ गुरु तुम्हें हम करते नमन
और करते हैं हम प्रणाम।
