सावधान, मोबाइल आईएमईआई नंबर से छेड़छाड़ पर हो सकती है जेल

Last Updated: रविवार, 24 सितम्बर 2017 (20:00 IST)
नई दिल्ली। सरकार ने के में छेड़छाड़ को दंडनीय अपराध बना दिया है जिसमें दोषी पाए जाने पर 3 साल तक की हो सकती है। सरकार ने मोबाइल चोरी की घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए यह कदम उठाया है। आईएमईआई नंबर किसी भी मोबाइल के लिए 15 अंकों की वि​शिष्ट डिजिटल संख्या होती है।
दूरसंचार विभाग ने इस बारे में एक अधिसूचना 25 अगस्त को जारी की थी। इस कदम से फर्जी आईएमईआई नंबर से जुड़े मुद्दों पर काबू पाने व खोए मोबाइल फोनों का पता लगाने में मदद मिलने की उम्मीद है।

अधिसूचना में कहा गया किसी भी मोबाइल के अंतरराष्ट्रीय मोबाइल उपकरण पहचान (आईएमईआई) नंबर में जान-बूझकर छेड़खानी, बदलाव या उसे मिटाना अवैध है। नए नियम को मोबाइल उपकरण पहचान संख्या में छेड़छाड़ निरोधक नियम 2017 नाम दिया गया है। ये नियम इंडियन टेलीग्राफ कानून की धारा 7 व धारा 25 के संयोजन से बनाया गया है।
इस बीच दूरसंचार विभाग एक नई प्रणाली भी लागू कर रहा है जिसके तहत किसी भी नेटवर्क के खोए गए और चोरी हुए मोबाइल की सभी सेवाएं बंद की जा सकेंगी, भले ही उसके सिम या आईएमईआई नंबर को बदल दिया जाए। (भाषा)

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