वर्ष 2007 में राजनीति के क्षेत्र में कई घटनाओं का साक्षी बना। कांग्रेस को उत्तराखंड और पंजाब से
सत्ता गँवानी पड़ी, जिसका दर्द अब उसे अगले विधानसभा चुनाव तक सालता रहेगा। भाजपा के लिए
जरूर यह वर्ष सुकून दे गया क्योंकि दो राज्यों में उसने सत्ता का स्वाद चखा वहीं गुजरात में लगातार
चौथी बार उसने सरकार बनाई। उत्तरप्रदेश में मायावती ने अपनी 'सोशल इंजीनियरिंग' के जरिये राज्य
को 15 साल बाद स्थिर सरकार दी। गुजरात में लगातार तीसरी बार राजतिलक करवाकर नरेन्द्र मोदी
ने साबित कर दिया कि वे वाकई 'सत्ता के सौदागर' हैं..... |