धारदार लेखनी और बेबाक टिप्पणियों के लिए पहचाने जाने वाले प्रभाष जोशी नहीं रहे। 1960 में उनकी कलम ने पत्रकारिता जीवन की जो शुरुआत इंदौर से की थी, वह कलम टूट गई। लेकिन, इन 49 सालों में उनकी कलम ने जो रचा वह पत्रकारिता की आने वाली कई पीढ़ियों के लिए मील का पत्थर बना रहेगा। इंदौर के रहने वाले प्रभाष जोशी ने अपने पत्रकारिता जीवन की शुरुआत 'नईदुनिया'...