हँसता, मुस्कुराता चेहरा प्रसन्नता का अहसास स्वयं के साथ-साथ सामने वाले को भी कराता है। चेहरे पर मायूसी की परत न जमने दें। घड़ी में दस बजकर दस मिनट की तरह मुस्कान रखें, न कि साढ़े पाँच बजे की तरह मुँह लटकाए रखें।
अच्छी वस्तु हो या व्यक्ति, उसकी प्रशंसा की जानी चाहिए। झूठी तारीफ न करें।
सफर पर जाते समय अक्सर आप यूँ ही कुछ हल्की-फुल्की ड्रेस पहन लेते हैं। आपको लगता है सफर में अच्छे कपड़े बिगाड़ने से क्या लाभ? आखिर तो सवाल कुछ घंटे बस, कार, ट्रेन या हवाई जहाज में बिताने से ही है। खासतौर पर अगर सफर ट्रेन या बस का हो तो कपड़ों के गंदे हो जाने की भी चिंता।
लेकिन अगर ...