संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने संयुक्त राज्य अमेरिका, इसराइल और ईरान से युद्ध समाप्त करने और विनाश के बजाय संवाद का रास्ता अपनाने का आहवान किया है। उन्होंने यूएन मुख्यालय में संबोधित करते हुए कहा कि मध्य पूर्व में युद्ध के प्रभाव पूरी दुनिया में महसूस किए जा रहे हैं और विनाश को रोका जाना होगा। उन्होंने आगाह करते हुए कहा कि हम अब एक ऐसे व्यापक युद्ध के मुहाने पर खड़े हैं जो पूरे मध्य पूर्व क्षेत्र को अपनी चपेट में ले लेगा, जिसके पूरी दुनिया में गम्भीर परिणाम होंगे।
यूएन प्रमुख ने मध्य पूर्व युद्ध से उत्पन्न स्थिति की एक स्याह तस्वीर पेश करते हुए कहा कि मध्य पूर्व संकट अब दूसरे वर्ष में प्रवेश कर गया है और इनसानी पीड़ाएं बढ़ती जा रही हैं, विनाश का दायरा बढ़ रहा है, ताबड़तोड़ हमले बढ़ रहे हैं, जिनमें आम लोगों व सिविल बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया जा रहा है।
उन्होंने आगाह करते हुए कहा कि हम अब एक ऐसे व्यापक युद्ध के मुहाने पर खड़े हैं जो पूरे मध्य पूर्व क्षेत्र को अपनी चपेट में ले लेगा, जिसके पूरी दुनिया में गम्भीर परिणाम होंगे। एंतोनियो गुटेरेश ने युद्ध के कारण नौवहन परिवहन (Shipping) की आज़ादी को नकारे जाने की तरफ़ ध्यान दिलाते हुए कहा कि जब होर्मुज़ ज़लडमरूमध्य (Strait of Hormuz) का गला घोंटा जाता है तो दुनिया के सर्वाधिक निर्धन और निर्बल हालात वाले लोगों का दम घुटता है।
हम देख रहे हैं कि लोग अपने दैनिक जीवन में खाद्य चीज़ों और ऊर्जा की बढ़ती क़ीमतों से जूझ रहे हैं और ऐसी ख़बरें फ़िलीपींस से लेकर श्रीलंका, मोज़ाम्बीक़ और उससे भी परे के देशों से आ रही हैं। शीर्ष यूएन अधिकारी ने कहा, इस युद्ध के बहुत से पक्ष भले ही अनिश्चित हों, मगर एक बात बिल्कुल भी अनिश्चित नहीं है : अगर युद्ध के ढोल यूं ही पीटे जाते रहे तो भड़काव मौजूदा संकट को और भीषण ही बनाएगा।
तेहरान, ईरान में तेहरान में एक भारी क्षतिग्रस्त बहुमंजिला कंक्रीट इमारत की एक कम कोण की तस्वीर। मुखौटा खुला कांक्रीट, टूटी हुई खिड़कियां और जमीन पर बिखरे हुए मलबे के साथ व्यापक विनाश दिखाता है। ऊपरी मंजिलों पर मचान दिखाई देता है।
Diplomacy को मौका
यूएन प्रमुख ने घोषणा की कि वो इस युद्ध के दायरे को बढ़ने से रोकने के लिए क्षेत्र में जारी शान्ति पहलों में सहायता के लिए अपने व्यक्तिगत दूत ज्यां अरनॉ को रवाना कर रहे हैं। उन्होंने आग्रह करते हुए कहा, मौत और विनाश के इस चक्र को रोका जाना होगा और ज़ोर दिया कि कूटनीतिक प्रयासों को सफल होने के लिए पर्याप्त अवसर और समर्थन दिया जाए।
एंतोनियो गुटेरेश ने साथ ही ठोस शब्दों में कहा कि किसी भी समाधान का आधार अन्तरराष्ट्रीय क़ानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर होने चाहिए। उन्होंने विवादों को शान्तिपूर्ण ढंग से सुलझाने, सभी सदस्य देशों की सम्प्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान करने और युद्ध के फैलते स्वरूप के बीच ईरान तथा अन्य स्थानों पर ख़तरे में पड़े नागरिकों व परमाणु प्रतिष्ठानों की सुरक्षा की पुकार भी लगाई।
अमेरिका, इसराइल और ईरान को संदेश
यूएन महासचिव ने युद्धक पक्षों को सीधे सम्बोधित करते हुए घोषणा की कि संयुक्त राज्य अमेरिका और इसराइल के लिए एक ऐसे युद्ध को रोकने का बिल्कुल सटीक समय है जो अत्यधिक मानवीय पीड़ा पहुंचा रहा है और विनाशकारी आर्थिक परिणाम उत्पन्न कर रहा है। उन्होंने अपनी बात जारी रखते हुए कहा कि ईरान को अपने पड़ोसियों पर हमले बन्द करने होंगे।
संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने दोहराया कि सुरक्षा परिषद पहले ही इन हमलों की निन्दा कर चुकी है और महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में नौवहन अधिकारों (navigational rights) का सम्मान किए जाने की आवश्यकता की पुष्टि कर चुकी है। उन्होंने विश्व नेताओं को याद दिलाया कि संकट को समाप्त करने की शक्ति उन्हीं के हाथों में है।
युद्ध अपने आप खत्म नहीं होते, वे तब समाप्त होते हैं जब नेतागण विनाश के बजाय संवाद को चुनते हैं। वह विकल्प अब भी मौजूद है और इस विकल्प को बिल्कुल अभी चुना जाना होगा।
सुरक्षा परिषद की बैठक
मध्य पूर्व संकट के मद्देनज़र संयुक्त राष्ट्र और खाड़ी के अरब देशों के बीच सहयोग बढ़ाने पर चर्चा करने के लिए गुरुवार को सुरक्षा परिषद की एक विशेष बैठक हुई।