Hanta virus : विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कहा कि अटलांटिक महासागर में एक क्रूज़ जहाज़ पर फैले हंता वायरस प्रकोप से वैश्विक सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए जोखिम कम है और यह कोविड जैसी किसी नई महामारी की शुरुआत नहीं है। ख़बरों के अनुसार, हंता वायरस के संक्रमण से डच ध्वज वाले जहाज़ MV Hondius पर 3 लोगों की मौत हो गई है और अन्य लोग बीमार पड़ गए हैं।
इसके बाद योरोप, अफ़्रीका और लैटिन अमेरिका के अनेक देशों को शामिल करते हुए एक बड़ा अन्तरराष्ट्रीय सार्वजनिक स्वास्थ्य अभियान शुरू किया गया। पहली चेतावनी यूनाइटेड किंगडम की ओर से आई, जिसने अन्तरराष्ट्रीय स्वास्थ्य विनियमों (IHR) के तहत WHO को इस प्रकोप की जानकारी दी, जबकि अर्जेंटीना से काबो वर्दे की यात्रा के दौरान जहाज़ पर मौजूद यात्रियों में गम्भीर श्वसन सम्बन्धी बीमारी के लक्षण पाए गए थे।
WHO के महानिदेशक डॉक्टर टैड्रॉस एडहेनॉम घेबरेयेसस ने गुरुवार को जिनीवा में जानकारी देते हुए कहा कि अब तक 8 मामलों की जानकारी मिली है, जिनमें 5 मामलों की पुष्टि हुई है और 3 संदिग्ध मामले शामिल हैं। ये मामले हंता वायरस के दुर्लभ एंडीज़ स्ट्रेन से जुड़े बताए जा रहे हैं।
स्वास्थ्य जोखिम कम
हंता वायरस संक्रमण, चीज़ों को कुतरने वाले जानवरों (कृंतकों) जैसेकि संक्रमित छोटे या बड़े चूहों (rodents) के मल-मूत्र या थूक के सम्पर्क में आने की वजह से फैलता है। लैटिन अमेरिका के कुछ हिस्सों में पाया जाने वाला एंडीज़ स्ट्रेन, हंता वायरस का एकमात्र ज्ञात प्रकार है, जो सीमित स्तर पर एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैल सकता है।
WHO के अनुसार, इसका संक्रमण आमतौर पर निकट और लम्बे समय तक सम्पर्क में रहने से फैलता है, विशेषकर परिवार के सदस्यों, क़रीबी साथियों या स्वास्थ्यकर्मियों के बीच। महानिदेशक ने कहा, फ़िलहाल समग्र सार्वजनिक स्वास्थ्य जोखिम कम बना हुआ है।
कोरोना महामारी जैसा कोई ख़तरा नहीं
WHO अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह प्रकोप 2020 की कोरोना महामारी से बिल्कुल अलग है, जिसमें दुनियाभर में लाखों लोगों की मौत हुई थी। WHO में महामारी और वैश्विक प्रकोप प्रबन्धन की कार्यवाहक निदेशक मारिया वान कर्कहोव ने कहा, यह SARS-CoV-2 नहीं है। यह किसी नई कोविड महामारी की शुरुआत नहीं है। उन्होंने कहा, हंता वायरस लम्बे समय से मौजूद है। हम इस वायरस को जानते हैं। यह कोरोनावायरस की तरह नहीं फैलता।
अन्तरराष्ट्रीय स्वास्थ्य विनियम
इस प्रकोप के बाद अन्तरराष्ट्रीय स्वास्थ्य विनियमों (IHR) के तहत कार्रवाई शुरू की गई है। यह वैश्विक ढांचा सीमापार स्वास्थ्य ख़तरों के प्रति समन्वित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए बनाया गया है। WHO ने कहा कि वह काबो वर्दे, स्पेन, नैदरलैंड, दक्षिण अफ़्रीका, ब्रिटेन और अर्जेंटीना के अधिकारियों के साथ, योरोपीय रोग निवारण एवं नियंत्रण केन्द्र (ECDC) के सहयोग से मिलकर काम कर रहा है।
काबो वर्दे द्वारा सार्वजनिक स्वास्थ्य सम्बन्धी चिन्ताओं के कारण अनुमति नहीं देने के बाद, स्पेन ने जहाज़ को कैनरी द्वीपसमूह में ठहरने की अनुमति दे दी है, जो स्पेन का एक स्वायत्त क्षेत्र है। WHO महानिदेशक ने इसे एकजुटता और नैतिक ज़िम्मेदारी का क़दम बताते हुए स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज़ का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा, कैनरी द्वीपसमूह के लोगों के लिए जोखिम वास्तव में कम है।
भ्रामक जानकारी से बचें
WHO के स्वास्थ्य आपात कार्यक्रम के डॉक्टर अब्दिरहमान महमूद ने सोशल मीडिया पर फैल रही भ्रामक जानकारी को सम्बोधित करते हुए कहा कि इस बात के कोई संकेत नहीं हैं कि यह किसी महामारी की शुरुआती अवस्था है। उन्होंने बताया कि संक्रमण एक सीमित वातावरण में फैला, जहां जहाज़ पर यात्रियों के बीच लम्बे समय तक निकट सम्पर्क रहा।
यह स्थिति अर्जेंटीना में 2018–2019 के दौरान एंडीज़ हंता वायरस के सीमित प्रकोप जैसी है। उस मामले में संक्रमण एक सामाजिक कार्यक्रम के दौरान एक संक्रमित व्यक्ति के सम्पर्क से फैला था और केवल कुछ ही मामले सामने आए थे। डॉक्टर महमूद ने कहा कि सम्पर्क खोज (contact tracing), अलग रहने और निगरानी जैसे मौजूदा सार्वजनिक स्वास्थ्य उपायों के ज़रिए, संक्रमण की श्रृंखला को प्रभावी ढंग से तोड़ा जा सकता है। लिहाज़ा जिससे बड़े पैमाने पर महामारी फैलने की आशंका बेहद कम है।
WHO ने चेतावनी दी है कि एंडीज़ हंता वायरस के छुपे रहने की अवधि (incubation period) 6 सप्ताह तक हो सकती है, इसलिए आगे भी नए मामले सामने आ सकते हैं। डॉक्टर टैड्रोस ने कहा कि वायरस न तो राजनीति की परवाह करते हैं और न ही सीमाओं की। हमारे पास सबसे बेहतर सुरक्षा एकजुटता है।