आसाराम की मुश्किलें फिर बढ़ीं! हाई कोर्ट ने उम्रकैद की सजा रखी बरकरार, तुरंत सरेंडर करने का दिया आदेश
Asaram News in Hindi : राजस्थान हाई कोर्ट की जोधपुर बेंच ने बुधवार को नाबालिग छात्रा से यौन उत्पीड़न मामले में आसाराम को दी गई उम्रकैद की सजा बरकरार रखी। अदालत ने इस मामले में सह-आरोपी शिल्पी और शरतचंद को बरी कर दिया।
अदालत ने उन्हें गैंगरेप के आरोप से बरी कर दिया, लेकिन अन्य गंभीर आरोपों में दोषसिद्धि और सजा यथावत रखी गई है। साथ ही उन्हें सरेंडर करने का भी आदेश दिया।
हाई कोर्ट में सुनवाई के दौरान आसाराम के वकीलों ने इस मामले को झूठा बताया। उन्होंने कहा कि जब इसी मामले में कुछ अन्य आरोपियों को सबूतों के आधार पर बरी किया गया है, तो आसाराम को भी दोषी नहीं ठहराया जाना चाहिए। वहीं, पीड़िता के वकील ने तर्क दिया कि पॉक्सो कानून के तहत पीड़िता का बयान ही दोष सिद्ध करने के लिए पर्याप्त हो सकता है। सुप्रीम कोर्ट भी कई बार इस सिद्धांत को सही ठहरा चुका है।
आसाराम को अगस्त 2013 में जोधपुर स्थित आश्रम में एक नाबालिग छात्रा के यौन उत्पीड़न के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। लंबे ट्रायल के बाद 25 अप्रैल 2018 को विशेष पॉक्सो अदालत ने उन्हें दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी।
गौरतलब है कि 86 वर्षीय आसाराम ने उम्र और खराब स्वास्थ्य का हवाला देकर कई बार जमानत मांगी थी। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर हाई कोर्ट ने उन्हें अंतरिम मेडिकल बेल दी थी, जिसे कई बार बढ़ाया गया। अब ताजा फैसले के बाद उन्हें दोबारा अधिकारियों के सामने सरेंडर करना होगा।
edited by : Nrapendra Gupta
लेखक के बारे में
वेबदुनिया न्यूज़ टीम
वेबदुनिया न्यूज़ डेस्क पर हमारे स्ट्रिंगर्स, विश्वसनीय स्रोतों और अनुभवी पत्रकारों द्वारा तैयार की गई ग्राउंड रिपोर्ट्स, स्पेशल रिपोर्ट्स, साक्षात्कार तथा रीयल-टाइम अपडेट्स को वरिष्ठ संपादकों द्वारा सावधानीपूर्वक जांच-परख कर प्रकाशित किया जाता है।....
और पढ़ें