ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड का तूफानी पेसर हुआ चलती एशेज सीरीज से बाहर
AUSvsENG एशेज टेस्ट सीरीज में मेजबान ऑस्ट्रेलिया और मेहमान इंग्लैंड को झटका लगा है। दोनों ही टीमों को अब अपने प्रमुख तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड और मार्क वुड के बिना एशेज सीरीज खेलनी होगी। इंग्लैंड के लिए यह ज्यादा बुरी खबर है क्योंकि वह सीरीज में 0-2 से पीछे चल रही है।
ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड हैमस्ट्रिंग और टखने की चोट के कारण इंग्लैंड के खिलाफ एशेज श्रृंखला के बाकी बचे मैचों से बाहर हो गए हैं लेकिन कप्तान पैट कमिंस पीठ की समस्या से उबरकर वापसी करने के लिए तैयार हैं।हेजलवुड चोटिल होने के कारण पर्थ और ब्रिस्बेन में खेले गए पहले दो मैच में भी नहीं खेल पाए थे लेकिन उम्मीद की जा रही थी कि वह पांच मैचों की श्रृंखला के बाकी मैच में वापसी करेंगे। ऑस्ट्रेलिया पहले दो मैच जीतकर श्रंखला में 2-0 से आगे है।
वहीं अपनी तेज गेंदो के लिए जाने वाले इंग्लैंड के चोटिल तेज गेंदबाज मार्क वुड भी एशेज का सिर्फ पहला टेस्ट खेलकर बाहर हो चुके हैं। उनको दूसरे टेस्ट में भी बाहर रखा गया था और विल जैक्स को शामिल किया गया था। इस 35 वर्षीय खिलाड़ी को इस वर्ष की शुरुआत में चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान बाएं घुटने में चोट लगी थी और मार्च में उन्हें सर्जरी करानी पड़ी थी।भारत के खिलाफ जून जुलाई में हुई 5 मैचों की तेंदुलकर एंडरसन टेस्ट सीरीज से भी वह बाहर थे।
इंग्लैंड और वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) की ओर से जारी एक बयान में कहा गया, “वुड इस सप्ताह के आखिर में स्वदेश लौटेंगे और अपने रिहैब और रिकवरी के लिए ईसीबी की मेडिकल टीम के साथ मिलकर काम करेंगे।”
ऑस्ट्रेलिया के कोच एंड्रयू मैकडोनाल्ड ने मंगलवार को कहा कि हेजलवुड अब अगले साल की शुरुआत में होने वाले टी20 विश्व कप में वापसी करने का लक्ष्य रखेंगे।मैकडोनाल्ड ने कहा, वह एशेज श्रृंखला से बाहर रहेंगे और विश्व कप के लिए तैयारी करेंगे जो हमारे लिए महत्वपूर्ण है। यह उनके लिए वास्तव में निराशाजनक है कि वह इस श्रृंखला में नहीं खेल पाएंगे। यह ऐसा झटका है जिसकी हमने कल्पना भी नहीं की थी। हमें उनसे इस श्रृंखला में बड़ी भूमिका निभाने की उम्मीद थी।
वुड ने इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा, “ऐशेज के शेष मैचों से बाहर होकर बेहद दुखी हूं। सर्जरी और वापसी के लिए सात महीनों की लंबी, कड़ी मेहनत और रिहैब के बाद भी मेरा घुटना साथ नहीं दे पाया। हममें से किसी को इसकी उम्मीद नहीं थी। मैं यहां बड़ा असर डालने की पूरी उम्मीद के साथ आया था। मुझे बेहद निराशा है कि और इंजेक्शन और गहन चिकित्सकीय इलाज के बावजूद मेरे घुटने की सूजन की स्थिति हमारी आशंका से भी ज्यादा खराब है।
उन्होंने कहा, “मुझे बहुत अफ़सोस है कि मैं उम्मीद के मुताबिक़ प्रदर्शन नहीं कर पाया, लेकिन मेरी कोशिश में कोई कमी नहीं थी। आगे जो भी हो, मैं दोबारा वापसी के लिए अपनी पूरी ताकत लगाता रहूंगा। पिछले कुछ महीने बेहद कठिन रहे हैं, लेकिन मैं फिर से पूरी तरह कोशिश करने के लिए दृढ़ संकल्पित हूं। मुझे अब भी विश्वास है कि हम हालात पलट सकते हैं। कभी हार मत मानो, चलो बढ़ो, इंग्लैंड।”