ईरान-अमेरिका युद्धविराम के बाद कश्मीर और लद्दाख में मना जश्न, CM उमर अब्दुल्ला समेत क्या बोले क्षेत्र के दिग्गज नेता?
Iran-US Ceasefire News : ईरान और अमेरिका के बीच हुए 2 सप्ताह के युद्धविराम को ईरान की जीत बताते हुए कश्मीर के साथ-साथ लद्दाख में भी खुशियां मनाई गई हैं। इस युद्धविराम पर नेताओं द्वारा प्रतिक्रियाएं भी दी गई हैं। जैसे ही संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान ने युद्ध के लिए पाकिस्तान की मध्यस्थता में 2 सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा की, कश्मीर घाटी और लद्दाख में शिया सड़कों पर उतर आए और ईरान की जीत का जश्न मनाने के लिए पटाखे फोड़े। इस बीच मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने ईरान-अमेरिका के बीच जंगबंदी का स्वागत करते हुए, इस युद्ध को अन्यायपूर्ण बताया है।
घाटी के शिया बहुल इलाकों में लोग मारे गए ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की तस्वीरें लिए हुए थे। वे सड़कों पर इकट्ठे हुए और ईरान पर बमबारी और हमलों पर रोक का जश्न मनाने के लिए जयकारे लगाए।
लद्दाख में भी जहां ईरान के लिए बड़ी रैलियां और दान अभियान देखे गए, शियाओं ने भी युद्धविराम को ईरान और उसके सहयोगियों के लिए एक बड़ी जीत के रूप में देखा।
करगिल के एक प्रमुख कार्यकर्ता और शिया नेता सज्जाद करगली ने कहा कि यह ईरान और इस्लामिक प्रतिरोध मोर्चे के लिए एक बड़ी जीत है, जो अमेरिका और इसरायल के खिलाफ लड़ रहे थे। उनका शासन परिवर्तन या ईरान के मिसाइल कार्यक्रम को नष्ट करना विफल रहा है और उन्होंने 10 सूत्री युद्धविराम प्रस्ताव को स्वीकार करके ईरान के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है।
इस बीच मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने ईरान-अमेरिका के बीच जंगबंदी का स्वागत करते हुए, इस युद्ध को अन्यायपूर्ण बताया है। उन्होंने सवाल किया है कि 39 दिन चले इस युद्ध में आखिर क्या हासिल हुआ है? मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने आज ईरान-अमेरिका के बीच जंगबंदी को लेकर अपने एक्स हैंडल पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए लिखा है कि युद्धविराम केवल एक ऐसे जलडमरूमध्य को फिर से खोलने की अनुमति देता है, जो युद्ध शुरू होने से पहले ही सभी के लिए खुला और सुलभ था।
जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री और पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने अमेरिका और इरान के बीच सीजफायर पर खुशी जाहिर की है। उन्होंने कहा है कि आज हमारे लिए बहुत खुशी का दिन है। मैं अल्लाह का शुक्र अदा करती हूं, जिसने ईरान को इसराइल के खिलाफ खड़े होने का साहस दिया। महबूबा ने साथ ही पाकिस्तान की भी तारीफ की है। पूर्व सीएम ने कहा कि मध्यस्थता में पाकिस्तान की भूमिका को नजरअंदाज नहीं कर सकते, क्योंकि उन्होंने पूरी दुनिया को बचाया है।
कश्मीर के प्रमुख मौलवी मीरवाइज उमर फारूक ने भी बुधवार को संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान के बीच संघर्ष विराम का स्वागत किया। मीरवाइज ने एक्स पर कहा कि ईरान और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच 2 सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा शांति की दिशा में एक स्वागत योग्य कदम है।
यह रेखांकित करता है कि संघर्ष के समाधान के लिए टकराव पर संयम और बातचीत को प्राथमिकता दी जाती है और युद्ध पर शांति कायम रहती है। उन्होंने कहा कि ईरान के लोगों और नेतृत्व द्वारा दिखाया गया लचीलापन सराहनीय है।
Edited By : Chetan Gour