स्विटजरलैंड वार्ता के बाद ट्रंप का बड़ा बयान, ईरान को दी कड़ी चेतावनी
Trump Threatens Iran Again: स्विटजरलैंड में अमेरिका और ईरान के बीच हुई अहम बातचीत के बाद एक बार फिर तनाव बढ़ता नजर आ रहा है। बातचीत के पहले दौर के खत्म होने के महज एक दिन बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को नई चेतावनी दे दी है। ट्रंप ने साफ कहा है कि अगर तेहरान समझौते का पालन नहीं करता है तो अमेरिका कड़ा कदम उठाने से पीछे नहीं हटेगा। ALSO READ: 80 मिनट की अमेरिका-ईरान वार्ता के बाद फिर बढ़ा तनाव, ट्रंप की धमकी पर ईरान का कड़ा जवाब; संयुक्त फोटो सेशन भी रद्द
स्विटजरलैंड के बर्गेनस्टॉक में रविवार को अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधियों के बीच वार्ता का पहला दौर संपन्न हुआ। यह बैठक हाल ही में दोनों देशों के बीच हुए अंतरिम समझौते के तहत आयोजित की गई थी। हालांकि वार्ता शुरू होने से पहले ही माहौल तनावपूर्ण हो गया था। दरअसल, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को ईरान पर कार्रवाई की चेतावनी दी थी, जिसके बाद ईरानी प्रतिनिधिमंडल कुछ समय के लिए वार्ता स्थल से उठकर चला गया था।
ट्रंप ने सोमवार को एक बार फिर तेहरान को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर ईरान समझौते पर कायम नहीं रहता या सही तरीके से व्यवहार नहीं करता, तो अमेरिका वही करेगा जो उसे करना होगा। ट्रंप के इस बयान ने एक बार फिर दोनों देशों के बीच भविष्य की बातचीत को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
गौरतलब है कि पिछले सप्ताह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान के बीच एक अंतरिम समझौते पर हस्ताक्षर हुए थे। इसी समझौते के तहत दोनों देशों के प्रतिनिधि स्विटजरलैंड में आमने-सामने बैठे। ALSO READ: मिडिल ईस्ट से बड़ी खबर, ईरान ने फिर बंद किया हॉर्मुज, आखिर क्यों लिया ये फैसला?
वार्ता के दौरान दोनों पक्ष एक उच्च स्तरीय निगरानी समिति बनाने पर सहमत हुए, जो आगे की बातचीत और समझौतों की प्रक्रिया पर नजर रखेगी।
अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने बातचीत को सकारात्मक बताते हुए कहा कि इस बैठक ने अंतिम समझौते के लिए मजबूत आधार तैयार किया है। हालांकि ईरान ने उन रिपोर्टों को खारिज कर दिया है, जिनमें दावा किया गया था कि उसके परमाणु कार्यक्रम पर भी चर्चा हुई है।
तेल पर ईरान को राहत
समझौते के तहत अमेरिका ने ईरान को आर्थिक राहत देने का भी फैसला किया है। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने 21 अगस्त तक कुछ प्रतिबंधों में छूट दी है, जिससे ईरान को तेल और उससे जुड़े उत्पादों का निर्यात करने तथा भुगतान प्राप्त करने की अनुमति मिल गई है।
क्या अमेरिका किसानों के पास वापस आएगा पैसा?
विदेशों में फ्रीज की गई ईरानी संपत्तियों का एक हिस्सा भी जारी किया गया है। ट्रंप ने कहा कि ईरान की बड़ी आबादी को भोजन की जरूरत है और जारी किया गया पैसा अमेरिकी किसानों के पास वापस आएगा।
वहीं, ईरान के केंद्रीय बैंक के गवर्नर अब्दुल नासेर हेम्माती ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा है कि ईरान अमेरिकी कृषि उत्पाद खरीदने के लिए बाध्य नहीं है। उनके मुताबिक यह धनराशि अन्य गैर-प्रतिबंधित आयातों पर भी खर्च की जा सकती है।
फिलहाल अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत का पहला दौर पूरा हो चुका है, लेकिन ट्रंप की नई चेतावनी और दोनों देशों के अलग-अलग दावों ने साफ कर दिया है कि अंतिम समझौते का रास्ता अभी आसान नहीं है। अब सबकी नजर अगले दौर की वार्ता और दोनों देशों के अगले कदम पर टिकी हुई है।
edited by : Nrapendra Gupta

