सम्बंधित जानकारी
- PoK में मुनीर की बर्बरता पर भड़का भारत, बोला- अत्याचारों का होगा इंसाफ
- पाकिस्तान-अफगानिस्तान वार्ता बिना समझौते खत्म, तनाव बरकरार, चीन की चौधराहट भी नहीं आई काम
- PM Modi Malaysia Visit Live: पीएम मोदी ने मलेशियाई पीएम के साथ मिलकर Pakistan को घेरा, आतंकवाद पर दिया दो टूक संदेश, कांप उठेगा इस्लामाबाद
- UNSC में भारत की पाकिस्तान को फटकार, जानिए क्या बोले पी हरीश?
- टीटीपी ने लिया काबुल हमले का बदला, पाकिस्तान में पीटीएस पर किया हमला
Pakistan के कराची में बड़ा आतंकी हमला, सिंध रेंजर्स मुख्यालय पर धावा, 6 आतंकवादी ढेर, 4 जवानों की मौत
पाकिस्तान के सबसे बड़े शहर कराची में शनिवार रात बड़ा आतंकी हमला हुआ। आतंकवादियों ने सिंध रेंजर्स के भिट्टाई विंग मुख्यालय पर हमला बोल दिया। इसके बाद करीब 90 मिनट तक चली भीषण मुठभेड़ में 6 आतंकवादी मार गिराए गए। सुरक्षा बलों ने एक घायल आतंकवादी को जिंदा गिरफ्तार भी कर लिया। इस हमले में चार अर्धसैनिक जवानों की भी मौत हो गई।अक्टूबर 2024 के बाद कराची में इसे सबसे बड़ा आतंकी हमला माना जा रहा है।
धमाके के बाद चली ताबड़तोड़ गोलियां
स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, शनिवार शाम कराची के गुलिस्तान-ए-जौहर इलाके में जोरदार धमाका हुआ, जिसके बाद भारी गोलीबारी शुरू हो गई। यह इलाका कई विश्वविद्यालयों और पाकिस्तान के मौसम विभाग के कार्यालय के पास स्थित है।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि पहले तेज धमाका सुनाई दिया और फिर लगातार गोलियों की आवाजें आने लगीं, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। प्रतिबंधित संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) से जुड़े आतंकी संगठन जमात-उल-अहरार के आतंकवादियों ने रात करीब 8.30 बजे सिंध रेंजर्स के मुख्यालय पर धावा बोला।
आतंकवादियों और सुरक्षा बलों के बीच करीब 90 मिनट तक भीषण मुठभेड़ चली। बाद में स्पेशल सिक्योरिटी यूनिट (SSU), एंटी टेररिस्ट फोर्स (ATF) और रेंजर्स के संयुक्त अभियान में 6 आतंकवादी मार गिराए गए, जबकि एक घायल आतंकी को गिरफ्तार कर लिया गया।
गाड़ी से तोड़ दिया मुख्य गेट, फेंके हैंड ग्रेनेड
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आतंकवादियों ने एक वाहन से रेंजर्स मुख्यालय के मुख्य गेट को तोड़कर परिसर में प्रवेश किया। इसके बाद उन्होंने हैंड ग्रेनेड फेंके, जिससे कई विस्फोट हुए और पूरे परिसर में अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही रेस्क्यू 1122 सिंध की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया।
पूरे इलाके को किया गया सील
हमले के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने रेंजर्स मुख्यालय और आसपास के इलाकों को पूरी तरह घेर लिया। स्थानीय लोगों को घरों के भीतर रहने की सलाह दी गई, जबकि ऑपरेशन के दौरान आसपास के कुछ इलाकों में बिजली भी बाधित रही।
इस हमले की जिम्मेदारी जमात-उल-अहरार ने ली है। यह संगठन प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) का एक उग्रवादी गुट है, जो मुख्य रूप से पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में सक्रिय रहा है और सुरक्षा बलों, सरकारी अधिकारियों तथा आम नागरिकों पर कई हमले कर चुका है।
पाकिस्तान-अफगानिस्तान तनाव के बीच हमला
यह हमला ऐसे समय हुआ है जब पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। पाकिस्तान लंबे समय से अफगानिस्तान की तालिबान सरकार पर आरोप लगाता रहा है कि वह TTP आतंकियों को सुरक्षित पनाहगाह उपलब्ध करा रही है, जहां से वे पाकिस्तान में घुसकर हमलों को अंजाम देते हैं।
दूसरी ओर, पाकिस्तान की सेना भी हाल के महीनों में अफगानिस्तान के भीतर TTP के कथित ठिकानों और प्रशिक्षण शिविरों पर कई सैन्य कार्रवाई कर चुकी है। ऐसे में कराची में हुआ यह हमला क्षेत्रीय सुरक्षा के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। Edited by : Sudhir Sharma
