इस बार गर्मी बहुत तेज है। अल नीनो का असर भी बताया जा रहा है, लेकिन क्या करें रोज ऑफिस या दुकान पर तो जाना ही ही। यह भी हो सकता है कि किसी पर्यटन स्थल पर घूमने का प्लान हो। जो भी हो, सफर के दौरान चिलचिलाती गर्मी और लू से बचना एक बड़ी चुनौती होती है। यहां 5 बेहद आसान और असरदार देसी उपाय दिए गए हैं जो आपको अंदर से ठंडा रखेंगे।
1. प्याज का जादू (Travelers Best Friend)
गांवों में आज भी सफर पर निकलने से पहले जेब में एक छोटा कच्चा प्याज रखने की परंपरा है। माना जाता है कि यह लू (Heatstroke) को सोख लेता है।
कैसे इस्तेमाल करें: आप अपने साथ कटा हुआ प्याज रख सकते हैं या खाने के साथ कच्चे प्याज का सेवन कर सकते हैं। यह शरीर के तापमान को नियंत्रित रखने में मदद करता है।
2. सत्तू का शरबत (Desi Protein Shake)
सत्तू (भुने हुए चने का आटा) को 'देसी कूलेंट' कहा जाता है। यह न सिर्फ पेट भरता है, बल्कि शरीर को घंटों तक ठंडा रखता है।
कैसे इस्तेमाल करें: एक बोतल में पानी, सत्तू, थोड़ा काला नमक, भुना जीरा और नींबू मिलाकर साथ रखें। यह लू से बचाने के लिए सबसे बेहतरीन ड्रिंक है।
3. मिट्टी की सुराही या 'इंसुलेटेड' सूती कपड़ा
अगर आप गाड़ी से सफर कर रहे हैं, तो प्लास्टिक की बोतलों की जगह मिट्टी की छोटी सुराही रखें।
देसी जुगाड़: अगर सुराही नहीं है, तो अपनी पानी की बोतल के चारों ओर एक सूती कपड़ा (जैसे गामछा या रुमाल) लपेटें और उसे गीला रखें। इससे पानी लंबे समय तक प्राकृतिक रूप से ठंडा बना रहेगा।
4. पुदीने और सौंफ का पानी
पुदीना और सौंफ दोनों की तासीर बहुत ठंडी होती है। सफर में होने वाली घबराहट और जी मिचलाने की समस्या को भी ये दूर करते हैं।
कैसे इस्तेमाल करें: पानी की बोतल में पुदीने की कुछ पत्तियां डाल दें। साथ ही, थोड़ी मिश्री और सौंफ चबाते रहें। यह आपके पाचन को सही रखता है और शरीर को अंदरूनी ठंडक देता है।
5. गीला तौलिया और सही पहनावा
सिंथेटिक कपड़े पसीना नहीं सोखते जिससे शरीर ज्यादा गर्म होता है इसलिए सफर में हमेशा सूती (Cotton) और ढीले कपड़े पहनें। अगर गर्मी बहुत ज्यादा बढ़ जाए, तो एक पतला सूती रुमाल, तौलिया या गामछा गीला करके अपनी गर्दन के पीछे रखें। गर्दन के पीछे का हिस्सा ठंडा रहने से पूरे शरीर को राहत मिलती है।
एक जरूरी सलाह: सफर के दौरान चाय या कॉफी का सेवन कम करें, क्योंकि कैफीन से शरीर में पानी की कमी (Dehydration) जल्दी होती है। इसकी जगह छाछ या नींबू पानी को प्राथमिकता दें।